देश की खबरें | केजरीवाल ने एलएनजेपी अस्पताल में वायरस की जीनोम श्रृंखला का पता लगाने वाली प्रयोगशाला का उद्घाटन किया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को लोकनायक जयप्रकाश नारायण अस्पताल (एलएनजेपी अस्पताल) में वायरस की जीनोम श्रृंखला का पता लगाने वाली ‘जीनोम-अनुक्रमण प्रयोगशाला’ का उद्घाटन किया। उन्होंने इस मौके पर कहा कि इस प्रयोगशाला में पता चल पाएगा कि कोरोना वायरस का स्वरूप कितना घातक है और इससे सरकार को उसके लिहाज से तैयारियां करने में मदद मिलेगी।
नयी दिल्ली, सात जुलाई दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को लोकनायक जयप्रकाश नारायण अस्पताल (एलएनजेपी अस्पताल) में वायरस की जीनोम श्रृंखला का पता लगाने वाली ‘जीनोम-अनुक्रमण प्रयोगशाला’ का उद्घाटन किया। उन्होंने इस मौके पर कहा कि इस प्रयोगशाला में पता चल पाएगा कि कोरोना वायरस का स्वरूप कितना घातक है और इससे सरकार को उसके लिहाज से तैयारियां करने में मदद मिलेगी।
दिल्ली सरकार द्वारा जारी एक बयान में कहा गया है कि सरकारी लोकनायक जयप्रकाश नारायण (एलएनजेपी) अस्पताल में जीनोम-अनुक्रमण प्रयोगशाला उत्तर भारत में ऐसा तीसरा केंद्र है।
बयान में कहा गया कि यह एक दिन में पांच से सात नमूनों का अनुक्रमण करने में सक्षम होगा।
उसमें कहा गया कि यह प्रयोगशाला मुख्य रूप से निगरानी और सार्वजनिक स्वास्थ्य उद्देश्यों के लिए होगी क्योंकि इसमें वायरस के चिंताजनक स्वरूपों की पहचान की जाएगी।
बयान में कहा गया है कि यह न केवल राष्ट्रीय राजधानी बल्कि पूरे उत्तर भारत के लिए एक अति महत्त्वपूर्ण सुविधा होगी।
केजरीवाल ने ट्वीट किया, ‘‘दिल्ली के एलएनजेपी अस्पताल में कोविड जीनोम सिक्वेंसिंग प्रयोगशाला की शुरुआत की। पूरी दुनिया में कोरोना के नए-नए स्वरूप उभर कर आ रहे हैं। दिल्ली की इस लैब में कोरोना का कोई भी नया स्वरूप कितना घातक है इसका पता लगाया जा सकेगा ताकि सरकार उसके फैलाव को रोकने की रणनीति एवं इलाज पर काम कर सके।’’
कार्यक्रम में, उन्होंने कहा, "अगर हमें समय पर वायरस के स्वरूप के बारे में पता चल जाता है, तो हम अपनी तैयारियों को लेकर अच्छी तरह से रणनीति बनाने में सक्षम होंगे और इससे सही कद उठाने में मदद मिलेगी।"
मुख्यमंत्री ने कहा, "हम अखबारों में लगातार पढ़ रहे हैं कि हर दिन कोविड-19 के नए स्वरूप और प्रकार सामने आ रहे हैं। हमारे नमूनों का परीक्षण करने के लिए, हम केंद्र सरकार की प्रयोगशाला, राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (एनसीडीसी) पर निर्भर थे।"
जीनोम अनुक्रमण के लिए आनुवंशिक विश्लेषक मशीन सोमवार से अस्पताल में चालू हो गई।
उन्होंने कहा कि जहां प्रतिबंधों में ढील दी जा रही है, वहां लोगों को सामाजिक दूरी के नियमों का पालन करना चाहिए और कोविड के खिलाफ उचित सावधानी बरतनी चाहिए।
प्रयोगशाला के उद्घाटन के मौके पर केजरीवाल के साथ स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन और एलएनजेपी के चिकित्सा निदेशक डॉ सुरेश कुमार भी मौजूद थे।
पिछले महीने केजरीवाल ने घोषणा की थी कि कोरोना वायरस के विभिन्न स्वरूपों का पता लगाने के लिए एलएनजेपी अस्पताल और इंस्टीट्यूट ऑफ लीवर ऐंड बिलिअरी साइंसेस में दो जीनोम सिक्वेंसिंग प्रयोगशालाएं खोली जाएंगी। ये प्रयोगशालाएं कोरोना वायरस की संभावित तीसरी लहर के मद्देनजर दिल्ली सरकार की तैयारियों का हिस्सा हैं।
कृष्ण
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