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कश्मीर द्विपक्षीय मुद्दा है, इसपर ब्रिटेन में समुदाय को बांटने की इजाजत नहीं देनी चाहिए:लेबर पार्टी

स्टार्मर ने प्रवासी भारतीयों से संपर्क साधने की कोशिश करते हुए और इस मुद्दे पर लेबर पार्टी के पूर्ववर्ती नेतृत्व के रुख से पार्टी को दूर रखते हुए यह कहा।

कश्मीर द्विपक्षीय मुद्दा है, इसपर ब्रिटेन में समुदाय को बांटने की इजाजत नहीं देनी चाहिए:लेबर पार्टी

लंदन, 30 अप्रैल ब्रिटेन में विपक्षी लेबर पार्टी के नव-निर्वाचित नेता केर स्टार्मर ने बृहस्पतिवार को कहा कि कश्मीर भारत और पाकिस्तान का एक ‘‘द्विपक्षीय मुद्दा’’ है और इन्हीं दोनों देशों को इस मुद्दे का शांतिपूर्ण हल करना होगा । साथ ही, यह भी कहा कि भारतीय उपमहाद्वीप के इस तरह के मुद्दों को लेकर ब्रिटेन में समुदायों को बांटने की इजाजत नहीं देनी चाहिए।

स्टार्मर ने प्रवासी भारतीयों से संपर्क साधने की कोशिश करते हुए और इस मुद्दे पर लेबर पार्टी के पूर्ववर्ती नेतृत्व के रुख से पार्टी को दूर रखते हुए यह कहा।

स्टार्मर ने बृहस्पतिवार को लंदन में ‘लेबर फ्रेंड्स ऑफ इंडिया’ समूह के अपने पहले संवाद के दौरान भारत के साथ कारोबारी संबंध मजबूत करने का संकल्प लिया।

बैठक के बाद एक बयान में स्टार्मर ने कहा, ‘‘हमें (भारतीय) उपमहाद्वीप के मुद्दों को लेकर यहां समुदायों को बांटने की इजाजत नहीं देनी चाहिए। भारत में कोई भी संवैधानिक मुद्दा भारतीय संसद का विषय है और कश्मीर भारत और पाकिस्तान के बीच एक द्विपक्षीय मुद्दा है तथा इन्हीं दो देशों को इसका शांतिपूर्ण तरीके से हल करना चाहिए।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मेरे नेतृत्व में लेबर पार्टी की सरकार भारत के साथ कहीं अधिक मजबूत व्यापारिक संबंध बनाने और जलवायु परिवर्तन जैसे विषयों पर वैश्विक मंच पर सहयोग करने के लिये कृत संकल्प होगी।’’

यह रणनीतिक कदम लेबर पार्टी को उसकी कुछ विवादित गतिविधियों से दूर करने की कोशिश है, जिन्हें प्रवासी भारतीय आबादी द्वारा भारत विरोधी माना जाता है।

जेरेमी कॉर्बिन के नेतृत्व में पिछले साल सितंबर में हुए पार्टी के सालाना सम्मेलन में एक प्रस्ताव पारित कर कश्मीर में अंतरराष्ट्रीय हस्तक्षेप की मांग की कथित तौर पर मांग की गई थी।

इसके बाद, दिसंबर 2019 में आम चुनाव में लेबर पार्टी को करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा था।

स्टार्मर ने कहा, ‘‘भारतीय मूल के ब्रिटेन वासी ब्रिटेन और लेबर पार्टी के लिये काफी योगदान देते हैं। मैं इस समुदाय का विश्वास बहाल करने के लिये ‘लेबर फ्रेंड्स ऑफ इंडिया’ (एलएफआईएन) के साथ करीबी रूप से काम करने के लिये प्रतिबद्ध हूं।’’

उन्होंने कहा कि वह वेस्टमिंस्टर में और स्थानीय सरकार के स्तर पर निर्वाचित पदों पर और अधिक भारतीय मूल के ब्रिटेन वासियों को प्रोत्साहित करेंगे।

उन्होंने लेबर पार्टी और भारत के लोगों के बीच नये सिरे से वार्ता की शुरूआत करने की कवायद के तहत ब्रिटेन में नियुक्त भारतीय उच्चायुक्त रूचि घनश्याम के साथ बातचीत करने की योजना का भी संकेत दिया।

एलएफआईएन के सह-अध्यक्ष राजेश अग्रवाल ने कहा, ‘‘लेबर पार्टी और भारतीय समुदाय के बीच मजबूत संपर्क फिर से बनाने की उनकी प्रतिबद्धता का वाकई में स्वागत करता हूं।’’

एलएफआईएन ने इस महीने की शुरूआत में स्टार्मर के चुने जाने के बाद नये लेबर नेतृत्व के तहत पार्टी और भारत के बीच संबंधों को दुरूस्त करने की अपील की।

गौरतलब है कि लेबर पार्टी की शैडो विदेश मंत्री एवं भारतीय मूल की लीजा नंदी ने इस हफ्ते की शुरूआत में फोन कर घनश्याम के साथ बातचीत की थी। इसके बाद स्टार्मर ने एलएफआईएन के साथ संवाद किया है।

शैडो मंत्री संबद्ध विभाग के कामकाज पर नजर रखते हैं।

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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 30, 2020 09:23 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).