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झारखंड में इस वर्ष अब तक 58 प्रतिशत कम वर्षा, 10 प्रतिशत से भी कम बुवाई हुई: कृषि मंत्री

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. झारखंड के कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री बादल पत्रलेख ने मॉनसून की वर्षा में कमी पर चिंता व्यक्त करते हुए आज यहां कहा कि पूरे राज्य में इस वर्ष अब तक 58 प्रतिशत कम वर्षा हुई है जिसके चलते इस मौसम में अब तक दस प्रतिशत से भी कम खरीफ की बुवाई का काम हुआ है।

झारखंड में इस वर्ष अब तक 58 प्रतिशत कम वर्षा, 10 प्रतिशत से भी कम बुवाई हुई: कृषि मंत्री
(Photo Credit: PTI)

रांची, 22 जुलाई : झारखंड के कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री बादल पत्रलेख ने मॉनसून की वर्षा में कमी पर चिंता व्यक्त करते हुए आज यहां कहा कि पूरे राज्य में इस वर्ष अब तक 58 प्रतिशत कम वर्षा हुई है जिसके चलते इस मौसम में अब तक दस प्रतिशत से भी कम खरीफ की बुवाई का काम हुआ है. झारखंड के कृषि एवं पशुपालन तथा सहकारिता मंत्री बादल पत्रलेख ने झारखंड राज्य फसल राहत योजना के क्रियान्वयन के संदर्भ में सभी जिलों के उपायुक्तों, कृषि पदाधिकारियों के साथ बृहस्पतिवार को हुई वीडियो कॉन्फ्रेंस बैठक के बाद पत्रकारों को संबोधित करते हुए यह जानकारी दी.

मंत्री ने कहा कि 15 मई से 15 अगस्त के बीच पूरे राज्य में बुवाई का मौसम होता है लेकिन बारिश कम होने से पूरे राज्य में 10 प्रतिशत से भी कम बुवाई का काम हुआ है जो एक शुभ संकेत नहीं है. बादल ने कहा, ‘‘इस वर्ष बारिश कम हुई है 10 प्रतिशत से भी कम बुआई हुई है और 65 फ़ीसदी तक बिचड़ा डाला गया है. इसे देखते हुए सभी उपायुक्तों को निर्देश दिया गया है कि वैकल्पिक फसल की योजना तैयार रखें.’’ उन्होंने झारखंड राज्य फसल योजना के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि कृषि गोष्ठियों के माध्यम से लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि प्रखंड एवं जिला स्तर पर समन्वय समिति का गठन किया गया है . यह भी पढ़ें : राष्ट्रपति निर्वाचित होने पर मुख्यमंत्रियों, वरिष्ठ नेताओं ने मुर्मू को बधाई दी

कृषि मंत्री ने राज्य में सूखे की स्थिति के बारे में पूछे जाने पर कहा कि समय रहते ही वैकल्पिक तैयारी शुरू कर दी गई है और आपदा प्रबंधन के लोगों से संपर्क किया जा रहा है . उन्होंने कहा कि राज्य में अगर सुखाड़ की स्थिति बनती है तो केंद्र से भी सहयोग की उम्मीद के साथ योजना तैयार की जा रही है. उन्होंने कहा कि सेकेंडरी एक्शन प्लान के तहत अल्पावधि (शॉर्ट टर्म) कृषि योजना बनाई जा रही है इसके लिए सभी जिला कृषि पदाधिकारियों को निर्देश दे दिया गया है.

(The above story first appeared on LatestLY on Jul 22, 2022 01:15 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).