ताजा खबरें | पर्यटन पर चार मिनट का ‘ट्रेलर’ भी पूरा नहीं सकीं जया बच्चन

Get latest articles and stories on Latest News at LatestLY. अलबत्ता, अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने अपनी बात पूरी करने से इंकार कर दिया।

अलबत्ता, अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने अपनी बात पूरी करने से इंकार कर दिया।

उच्च सदन में पर्यटन मंत्रालय के कामकाज पर हो रही चर्चा में हिस्सा लेते हुए बच्चन ने अपने दल को कम समय आवंटित होने का उल्लेख करते हुए कहा, ‘‘समय कम है...इसलिए मैं फीचर फिल्म नहीं ट्रेलर पेश करूंगी।’’

इसके बाद मुद्दे पर आते हुए उन्होंने कहा, ‘‘जो भी धार्मिक और प्राचीन पर्यटल स्थल हैं वह तो हमारे पूर्वज बनाकर गए हैं। हम उसी का फायदा उठाते हैं। हमने कौन सी नयी चीज की है। हम ये जानना चाहते हैं।’’

इसी बीच सत्ताधारी दल के एक सदस्य ने उन्हें टोका। जया बच्चन ने उस सदस्य से कहा कि वह मास्क उतारकर पूछेंगी तो उनका सवाल समझ सकेंगी।

इस पर आसन पर विद्यमान पीठासीन सभापति एल हनुमंथैया ने कहा कि वह सदस्यों की टोकाटोकी पर ध्यान ना दें और अपनी बात रखें। उन्होंने जया बच्चन को यह याद दिलाया कि उन्हें अपनी बात रखने के लिए चार मिनट का समय आवंटित किया गया है।

अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बच्चन ने कहा कि पर्यटन उद्योग को आगे बढ़ने के लिए सरकार से गहरे समर्थन और सहयोग की जरूरत है।

उन्होंने कहा, ‘‘हिन्दुस्तानियों को पर्यटन का खूब शौक होता है और हमारे पास कई तरह के पर्यटन हैं। लेकिन कुछ बातों पर ध्यान देना जरूरी है।’’

जया ने कहा ‘‘कभी लोग विदेश से कश्मीर को देखने के लिए आते थे। फिर हालात ऐसे हुए कि लोग अपनी जान के खतरे और सुरक्षा संबंधी कारणों से वहां आने से बचने लगे। इस धारणा को बदलना होगा।’’

उन्होंने कहा ‘‘दूसरे देशों में इतने प्राकृतिक धरोहर स्थल नहीं हैं जितने भारत में हैं। लेकिन इनका प्रबंधन कैसा है? ’’

जया ने कहा कि घरेलू पर्यटक तो कुछ नहीं कहेंगे लेकिन विदेशी पर्यटकों के लिए बेहतरीन अवसंरचना बेहद जरूरी है।

अपनी बात रख रहीं सपा सदस्य जया बच्चन को जब आसन की ओर से उन्हें बोलने के लिए दिया गया समय पूरा होने की ओर ध्यान दिलाया गया तो अप्रसन्नता जताते हुए सपा सदस्य ने अपनी बात पूरी करने से इंकार कर दिया और बैठ गईं।

इसी दौरान पीठासीन अध्यक्ष सस्मित पात्रा ने जया से कहा कि उन्हें दिया गया चार मिनट का समय खत्म हो गया है। उन्होंने हालांकि कहा कि सदस्य एक मिनट और बोल सकती हैं।

इस पर अप्रसन्नता व्यक्त करते हुए जया ने अपनी बात पूरी करने से इंकार कर दिया। उन्होंने कहा कि ‘‘कम समय’’ की वजह से ही वह पिछले सत्र में भी अपनी बात नहीं रख पाई थीं।

उन्होंने कहा, ‘‘यह उचित नहीं है...यह बल्कुल भी उचित नहीं है...’’

तब पात्रा ने कहा कि चर्चा के लिए पार्टियों को दिया जाने वाला समय कार्य मंत्रणा समिति तय करती है और सदस्य भी इससे वाकिफ हैं।

इसके बाद भाजपा के सुशील मोदी ने कहा कि जया बच्चन ने एक तरह से आसन पर आरोप लगाया है जो उचित नहीं है।

उन्होंने कहा, ‘‘उन्हें जितना समय आवंटित हुआ है, उतना ही ना वह बोलेंगी।’’

राष्ट्रीय जनता दल के मनोज झा ने कहा कि कई सदस्य आवंटित समय से ज्यादा समय बोलते हैं और जब कोई सदस्य अपने पसंद के विषय पर बोलना चाहता हो तो नियमों में छूट दी जानी चाहिए।

इसके बाद जया बच्चन अपने स्थान से कुछ बोल रही थी लेकिन वह सुना नहीं जा सका।

ब्रजेन्द्र

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