खेल की खबरें | जडेजा पर अंपायर की अनुमति के बिना मलहम लगाने के लिये जुर्माना लगा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Sports at LatestLY हिन्दी. आस्ट्रेलिया के खिलाफ शुरूआती टेस्ट में भारत की जीत के नायक रविंद्र जडेजा पर शनिवार को उनकी मैच फीस का 25 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया क्योंकि उन्होंने मैच के पहले दिन मैदानी अंपायर से अनुमति लिये बिना तर्जनी ऊंगली पर मलहम लगाया था।

नागपुर, 11 फरवरी आस्ट्रेलिया के खिलाफ शुरूआती टेस्ट में भारत की जीत के नायक रविंद्र जडेजा पर शनिवार को उनकी मैच फीस का 25 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया क्योंकि उन्होंने मैच के पहले दिन मैदानी अंपायर से अनुमति लिये बिना तर्जनी ऊंगली पर मलहम लगाया था।

जडेजा ने गेंदबाजी करने वाले हाथ की ऊंगली में मलहम लगाया था जिस पर सूजन थी, उन्होंने मैच में 81 रन देकर सात विकेट झटकने के अलावा 70 रन का योगदान दिया जिससे भारत ने पारी और 132 रन की शानदार जीत हासिल की। एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है जिसमें वह अपने साथी तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज से कुछ लेकर अपने बायें हाथ की तर्जनी ऊंगली पर रगड़ते दिख रहे थे।

आस्ट्रेलियाई मीडिया और एक पूर्व खिलाड़ी की यह जानने में काफी दिलचस्पी दिखी कि वह क्या लगा रहे थे लेकिन आईसीसी (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद) ने कहा कि यह मलहम ऊंगली पर लगाया गया था जो पूरी तरह से चिकित्सा के उद्देश्य से लगाया गया था और इससे गेंद की स्थिति में कोई बदलाव नहीं हुआ था।

जडेजा का अंपायर के बिना अनुमति के मलहम लगाने को आईसीसी की खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ के लिये आचार संहिता के अनुच्छेद 2.20 का उल्लंघन माना गया जो खेल भावना के विपरीत व्यवहार करने से संबंधित है।

आईसीसी ने एक बयान में कहा, ‘‘भारत के स्पिन गेंदबाज रविंद्र जडेजा पर नागपुर में आस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले टेस्ट के दौरान आईसीसी की आचार संहिता के लेवल एक का उल्लंघन करने के लिये गुरूवार को उनकी मैच फीस का 25 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया। ’’

इसमें कहा गया, ‘‘इसके अलावा जडेजा के अनुशासनात्मक रिकॉर्ड में एक ‘डिमैरिट’ अंक भी जोड़ दिया गया है जिनका 24 महीने में यह पहला उल्लघंन था। ’’

जडेजा ने आईसीसी के मैच रैफरियों के एलीट पैनल के एंडी पाइक्रोफ्ट द्वारा प्रस्तावित इस उल्लंघन और जुर्माने को स्वीकार लिया है इसलिये आधिकारिक सुनवाई की जरूरत नहीं पड़ी।

आईसीसी ने बयान में कहा, ‘‘मैच रैफरी इस बात से संतुष्ट थे कि ऊंगली पर यह मलहम पूरी तरह से चिकित्सा के उद्देश्य से लगाया गया था। ’’

इसके अनुसार, ‘‘यह मलहम बतौर कृत्रिम पदार्थ गेंद पर नहीं लगाया गया था और इससे गेंद की स्थिति में कोई बदलाव नहीं हुआ जो आईसीसी के खेलने की शर्तों के अनुच्छेद 41.3 का उल्लघंन नहीं हुआ। ’’

मैदानी अंपायर नितिन मेनन और रिचर्ड इलिंगवर्थ, तीसरे अंपायर माइकल गॉ और चौथे अंपायर केएन अनंतपद्मनाभन ने आरोप तय किये।

लेवल एक में न्यूनतम जुर्माना आधिकारिक फटकार है और अधिकतम एक खिलाड़ी की 50 प्रतिशत मैच फीस काटने और एक या दो डिमैरिट अंक का जुर्माना है।

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