देश की खबरें | दिल्ली की नगर निकाय एजेंसियों को मॉनसून से पहले जर्जर भवनों की मरम्मत करने या गिरा देने का निर्देश

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नयी दिल्ली, 27 जून उपराज्यपाल वी के सक्सेना ने नगर निकायों- एमसीडी और एनडीएमसी को मॉनसून आने से पहले जर्जर इमारतों की पहचान करने तथा उनकी मरम्मत करने या उन्हें गिरा देने का निर्देश दिया है, ताकि उनके ढह जाने जैसी आकस्मिक स्थिति रोकी जा सके। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) पर डीएमसी अधिनियम, 1957 की धारा 348 तथा नयी दिल्ली नगरपालिका परिषद (एनडीएमसी) पर एनडीएमसी अधिनियम, 1994 के तहत ऐसे भवनों की पहचान करने और उपयुक्त उपचारात्मक कदम उठाने की जिम्मेदारी है।

उन्होंने कहा , ‘‘ उपराज्यपाल ने एमसीडी के विशेष अधिकारी एवं आयुक्त तथा एनडीएमसी के अध्यक्ष को यह काम करने तथा एक पखवाड़े के अंदर कार्रवाई रिपोर्ट जमा करने का लिखित निर्देश जारी किया है। ’’

उपराज्यपाल ने कहा कि उन्होंने अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने को कहा है कि ऐसे खतरनाक भवनों के कारण जानमाल के नुकसान जैसी कोई गंभीर घटना न घट जाए।

अधिकारियों ने बताया कि सक्सेना ने नगर निकाय एजेंसियों को इस बात का फैसला करने को कहा कि ऐसे हादसों को रोकने के लिए किन भवनों को गिराना है और किनकी मरम्मत करनी है।

उनके अनुसार, उपराज्यपाल ने नगर निकायों को ऐसी घनी आबादी वाले क्षेत्रों में किसी भी प्रकार की त्रासदी को रोकने के लिए जिलाधिकारियों के साथ मिलकर प्रभावी आपदा प्रबंधन की कार्ययोजना तैयार करने को कहा है, जहां दमकल गाड़ियां एवं अन्य उपकरणों का पहुंचना मुश्किल है।

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