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जरुरी जानकारी | एयरटेल के लिए बड़ा मौका है भारत का 35,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का लक्ष्य : मित्तल

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. भारती एयरटेल के चेयरमैन सुनील मित्तल ने कहा है कि 2047 तक 35,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के महत्वाकांक्षी लक्ष्य की ओर भारत के कदम एयरटेल को जबर्दस्त वृद्धि के अवसर तथा कारोबार के नए रास्ते उपलब्ध कराएंगे।

जरुरी जानकारी | एयरटेल के लिए बड़ा मौका है भारत का 35,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का लक्ष्य : मित्तल

नयी दिल्ली, 30 जुलाई भारती एयरटेल के चेयरमैन सुनील मित्तल ने कहा है कि 2047 तक 35,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के महत्वाकांक्षी लक्ष्य की ओर भारत के कदम एयरटेल को जबर्दस्त वृद्धि के अवसर तथा कारोबार के नए रास्ते उपलब्ध कराएंगे।

मित्तल ने कहा कि 5जी भारत के डिजिटल परिदृश्य की जीवंत वृद्धि को गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। एयरटेल इस क्षेत्र में अग्रणी रहने के लिए प्रतिबद्ध है और इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए नीति-निर्माताओं तथा विभिन्न हितधारकों के साथ मिलकर काम कर रही है।

भारत द्वारा डिजिटलीकरण पर जोर दिए जाने के कारण सार्वजनिक सेवाओं तथा वस्तुओं को अंतिम छोर तक पहुंचाने के मामले में यह अन्य देशों से अलग है...दूरसंचार उद्योग का महत्व और अधिक बढ़ने की संभावना है।

मित्तल ने कंपनी की नवीनतम वार्षिक रिपोर्ट में कहा, ‘‘ भारत 2047 तक 35,000 अरब अमेरिकी डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के महत्वाकांक्षी लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है, आपकी कंपनी के पास वृद्धि और व्यापार के नए रास्ते के लिए जबर्दस्त अवसर होंगे।’’

एयरटेल के प्रमुख ने विश्वास व्यक्त किया कि कंपनी भारत की डिजिटल बदलाव यात्रा में अग्रणी बनकर नई उपलब्धियां हासिल करती रहेगी।

मित्तल ने साथ ही कहा, ‘‘ भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था आज देश के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में करीब 11 प्रतिशत का योगदान देती है, जो यह सुनिश्चित करने में निजी क्षेत्र सहित विभिन्न हितधारकों की प्रतिबद्धता को रेखांकित करती है कि भारत तीव्र गति से 1,000 अरब डॉलर की डिजिटल अर्थव्यवस्था के अपने लक्ष्य को प्राप्त करे।’’

भारतीय अर्थव्यवस्था ने 8.2 प्रतिशत की स्थिर वृद्धि दर्ज की, जो कई प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं से आगे रही तथा विश्व की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था का दर्जा बरकरार रखा।

उन्होंने कहा, ‘‘ प्रगतिशील सुधारों की मजबूत नींव, घरेलू मांग तथा बुनियादी ढांचे पर खर्च को बढ़ावा देने के साथ व्यापार को बढ़ावा मिलने से देश की वृद्धि में वैश्विक चुनौतियों से निपटने में केंद्रीय बैंक की ओर से कुशल व ठोस निर्णय लिए गए।’’

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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 30, 2024 03:34 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).