देश की खबरें | आईआईटी-मद्रास को 2021-22 में दाताओं से सर्वाधिक 131 करोड़ रुपये चंदा मिला
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी), मद्रास ने अपने परोपकारी और सामाजिक रूप से प्रासंगिक परियोजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए वित्त वर्ष 2021-22 के दौरान पूर्व छात्रों, दानदाताओं और कंपनियों से अब तक की सबसे बड़ी राशि 131 करोड़ रुपये इकट्ठा की है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
नयी दिल्ली, 16 मई भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी), मद्रास ने अपने परोपकारी और सामाजिक रूप से प्रासंगिक परियोजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए वित्त वर्ष 2021-22 के दौरान पूर्व छात्रों, दानदाताओं और कंपनियों से अब तक की सबसे बड़ी राशि 131 करोड़ रुपये इकट्ठा की है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि संस्थान का उद्देश्य पूर्व छात्रों के नेटवर्क को मजबूत करके तथा कॉरपोरेट, परोपकारी और ज्यादा आमदनी वाले व्यक्तियों के साथ जुड़ाव बढ़ाकर कोष जुटाने में तेजी लाना है। कोष जुटाने वाली गतिविधियों का नेतृत्व पूर्व छात्रों और कॉरपोरेट संबंधों के कार्यालय द्वारा किया जाता है, जिसमें पेशेवरों की एक समर्पित टीम शामिल होती है जो कंपनियों, पूर्व छात्रों और दाताओं के साथ काम करती है।
आईआईटी-मद्रास के डीन (पूर्व छात्र और कॉरपोरेट संबंध) महेश पंचग्नुला ने कहा, ‘‘कोविड-19 महामारी के बावजूद पूर्व छात्रों, दाताओं और कंपनियों से धन जुटाने में साल-दर-साल 30 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई है। कारोबारी सामाजिक दायित्व (सीएसआर) के माध्यम से आईआईटी मद्रास को धन दान करने वाली कॉरपोरेट फर्म की संख्या पिछले पांच वर्षों में लगभग दोगुनी हो गई है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘सीएसआर भागीदारी के जरिए जुटाई गई रकम पिछले वित्त वर्ष में जुटाए गए कुल 131 करोड़ रुपये में से लगभग आधी है।’’ पंचग्नुला ने कहा, ‘‘हम उन सभी पूर्व छात्रों और कॉरपोरेट भागीदारों के आभारी हैं जिन्होंने प्रभावशाली योगदान के माध्यम से हमारी मदद की है। आईआईटी-मद्रास सौभाग्यशाली है कि हजारों पूर्व छात्रों ने संस्थान को विकसित करने के लिए समय और धन दोनों का निवेश किया है। यह समूह संस्थान के भविष्य के विकास के लिए महत्वपूर्ण है।’’
विशेष रूप से कोविड-19 महामारी के असर को कम करने के लिए बुनियादी ढांचे के विकास, छात्रवृत्ति, अनुसंधान और पहल का समर्थन करने के लिए जुटाया गया धन महत्वपूर्ण है।
महामारी के दौरान, आईआईटी मद्रास ने वैश्विक स्तर पर अपने पूर्व छात्रों से कोविड-19 राहत परियोजनाओं के लिए 15 करोड़ रुपये से अधिक धन एकत्र किए, जिन्हें तमिलनाडु, कर्नाटक और तेलंगाना की सरकारों को बीपैप और ऑक्सीजन सांद्रक जैसे आवश्यक चिकित्सा उपकरण मुहैया कराने के लिए दिए गए।
आईआईटी-मद्रास में ‘ऑफिस ऑफ इंस्टीट्यूशनल एडवांस्मेंट’ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी कविराज नायर ने कहा, ‘‘हमारे पास एक पेशेवर टीम है जो सभी परियोजनाओं को प्रभावी ढंग से प्रबंधित करती है। सभी दानकर्ता यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि उनके पैसे का उपयोग पारदर्शी और प्रभावशाली तरीके से किया जाए। हम उनकी सभी आवश्यकताओं को पूरा करते हैं।’’
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