विदेश की खबरें | हांगकांग ने गिरफ्तार किए गए लोकतंत्र समर्थक कार्यकर्ताओं को जमानत पर रिहा किया

हालांकि, एक कार्यकर्ता ने आशंका जतायी कि आगामी दिनों में उन पर सख्त राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत आरोप लगाए जा सकते हैं ।

कार्यकर्ताओं पर गैर आधिकारिक ‘प्राइमरी’ चुनाव में हिस्सा लेने का आरोप लगाया गया है। अधिकारियों ने कहा कि विधायी परिषद की कार्यवाही को बाधित करने और राज्य की सत्ता को पलटने की साजिश की जा रही थी।

सर्वश्रष्ठ उम्मीदवारों का चयन करने के लिए ‘प्राइमरी’ चुनाव कराया गया और लोकतंत्र समर्थक खेमे ने अधिकतर सीटों पर जीत का दावा किया था।

सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बाद असहमति को दबाने के लिए पिछले साल हांगकांग में राष्ट्रीय सुरक्षा कानून लगाया गया था। लोकतंत्र समर्थकों के खिलाफ अभियान के तहत बुधवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तार किए गए 55 कार्यकर्ताओं में से तीन लोगों को नहीं रिहा किया गया। इनमें से जोशुआ वोंग और ताम तक ची अलग-अलग आरोपों में पहले से जेल में हैं। हांगकांग डेमोक्रेटिक पार्टी के पूर्व अध्यक्ष वू ची वेई भी प्रदर्शन से जुड़े अलग मामले में जेल में हैं।

जुलाई 2019 में प्रदर्शन को भड़काने के लिए वू ची वेई को पिछले महीने जमानत मिली थी। वेई को अपना यात्रा दस्तावेज भी जमा करने को कहा गया था लेकिन अधिकारियों को बाद में पता चला कि उन्होंने अपना पासपोर्ट नहीं जमा कराया, इसके बाद उन्हें रिहा नहीं किया गया।

पुलिस ने कहा कि सुरक्षा कानून के तहत किसी भी कार्यकर्ता को गिरफ्तार नहीं किया गया।

लोकतंत्र समर्थक कार्यकर्ता लाम ने कहा, ‘‘उन्होंने (पुलिस ने) अब तक हम पर कोई आरोप नहीं लगाए हैं। लेकिन मैं आश्वस्त हूं कि वे आगामी दिनों में हम पर आरोप लगाएंगे भले ही उनके पास साक्ष्य हो या नहीं।’’

लाम ने कहा कि गिरफ्तारी का मकसद हांगकांग में असहमति की आवाज को दबाना है।

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