देश की खबरें | हेलीकॉप्टर को अनुमति का मामला: गहलोत ने गृह मंत्रालय पर गलत तथ्य देने का आरोप लगाया
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जयपुर, नौ सितंबर राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को गृह मंत्रालय पर आरोप लगाया कि उसने, उनके लिए एक हेलीकॉप्टर की अनुमति के मामले में गलत तथ्य देकर जनता में भ्रम फैलाने का प्रयास किया है।
गहलोत ने इस मामले में गृह मंत्रालय के प्रवक्ता के स्पष्टीकरण पर यह प्रतिक्रिया दी। गहलोत ने शुक्रवार को कहा था कि गृहमंत्रालय ने जी-20 की बैठक के कारण उन्हें उदयपुर से सीकर हेलीकॉप्टर से जाने की अनुमति नहीं दी थी जिसके कारण वह सांगलिया पीठ नहीं जा पाए।
इससे पहले शनिवार को गृह मंत्रालय के प्रवक्ता ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट किया था,‘‘एक समाचार रिपोर्ट में, राजस्थान के मुख्यमंत्री ने गृह मंत्रालय द्वारा उनकी हेलीकॉप्टर उड़ान के लिए मंजूरी नहीं देने दावा किया है। मुख्यमंत्री की ओर से सीकर के लिए उड़ान की अनुमति सहित चार अनुरोध प्राप्त हुए थे और सभी को मंत्रालय ने मंजूरी दे दी थी।’’
प्रवक्ता ने कहा था , ‘‘राजस्थान के मुख्यमंत्री के किसी भी अनुरोध को अस्वीकार नहीं किया गया है। वाणिज्यिक विमानों की सभी निर्धारित उड़ानों तथा राज्यपालों और राज्य के मुख्यमंत्रियों को अपने राज्य के विमानों पर आवाजाही की अनुमति है, बस निजी चार्टर्ड उड़ानों को मंत्रालय से विशिष्ट मंजूरी की आवश्यकता होती है।’’
गृहमंत्रालय के प्रवक्ता के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए गहलोत ने कहा कि उनका शुक्रवार को उदयपुर से जयपुर विमान से तथा जयपुर से सीकर एवं सीकर से निवाई हेलीकॉप्टर से जाने का कार्यक्रम था। उन्होंने कहा कि इसके लिए हेलीकॉप्टर को पहले से उदयपुर से जयपुर पहुंचना था परन्तु ऐसा बताया गया कि जी-20 के प्रोटोकॉल कारण हेलीकॉप्टर या विमान तभी यात्रा कर सकते हैं जब मुख्यमंत्री स्वयं उसमें सवार हो।
उन्होंने लिखा, ‘‘हेलीकॉप्टर की उड़ान की अनुमति सुबह 10 बजकर 48 मिनट पर ई-मेल कर मांगी गई थी परन्तु दोपहर बाद दो बजकर 50 मिनट पर अनुमति नहीं मिली। वहां इंतजार कर रही जनता को हमने अपरान्ह दो बजकर52 मिनट पर ट्वीट कर ‘न’ आ पाने का कारण बताया और सांगलिया पीठ में श्री ओम दास महाराज को भी फोन कर जानकारी दी। इसके बाद अपराह्न तीन बजकर 58 मिनट पर अनुमति आई परन्तु तब तक मैं उदयपुर से जयपुर के लिए विमान से निकल चुका था एवं जयपुर पहुंचकर सड़क मार्ग से निवाई गया।’’
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