विदेश की खबरें | ग्रीनपीस प्रमुख ने संयुक्त राष्ट्र जलवायु वार्ता में प्रदूषण का बचाव किये जाने की कोशिशों के प्रति आगाह किया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. ब्रिटेन की मेजबानी में ग्लासगो में यह सम्मेलन होने वाला है। इसे ‘ग्लोबल वार्मिंग’ को खतरनाक स्तर पर पहुंचने से रोकने के लिए विश्व के अंतिम सर्वश्रेष्ठ अवसर के तौर पर देखा जा रहा है।
ब्रिटेन की मेजबानी में ग्लासगो में यह सम्मेलन होने वाला है। इसे ‘ग्लोबल वार्मिंग’ को खतरनाक स्तर पर पहुंचने से रोकने के लिए विश्व के अंतिम सर्वश्रेष्ठ अवसर के तौर पर देखा जा रहा है।
हालांकि, जलवायु कार्यकर्ताओं ने कहा है कि सम्मेलन से पहले पर्दे के पीछे लॉबिंग शुरू हो गई है, जो एक महत्वाकांक्षी समझौते तक पहुंचने की कोशिशों को नुकसान पहुंचा सकती है।
दरअसल, यह समझौता 2015 के पेरिस समझौते के अनुरूप ग्लोबल वार्मिंग की सीमा को 1.5 डिग्री सेल्सियस तक सीमित रखने को सुनिश्चित करेगा।
ग्रीनपीस इंटरनेशनल की कार्यकारी निदेशक जेनिफर मोर्गन ने कहा, ‘‘यह ग्लासगो सम्मेलन सचमुच में एक अहम क्षण है जहां सरकारों को साहसी होने की जरूरत है।’’
उन्होंने ग्लोबल वार्मिंग पर संयुक्त राष्ट्र विज्ञान समिति की एक हालिया रिपोर्ट की विषय वस्तु में कुछ देशों द्वारा कथित तौर पर बदलाव किये जाने का जिक्र किया।
मोर्गन ने कहा कि पर्दे के पीछे इस तरह की कोशिशें की जा रही हैं और जलवायु संकट का हल करने की दिशा में सभी कोशिशों को कुछ देश रोकने जा रहे हैं।
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