नयी दिल्ली, 31 जनवरी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शुक्रवार को कहा कि केंद्र सरकार मध्यम वर्ग का ‘अपने घर का सपना’ पूरा करने के लिए और गांव में गरीबों को उनकी आवासीय भूमि का हक देने और वित्तीय समावेशन के लिए प्रतिबद्ध है।
बजट सत्र की शुरुआत में संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा ‘‘मध्यम वर्ग का अपने घर का सपना पूरा करने के लिए मेरी सरकार प्रतिबद्ध है। रेरा जैसा कानून बनाकर मध्यम वर्ग के सपने को सुरक्षा दी गई है। घर के लिए लोन पर सब्सिडी दी जा रही है।’’
राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘सरकार ने तीसरे कार्यकाल में सभी के लिए आवास के उद्देश्य की पूर्ति के लिए ठोस कदम उठाए हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना का विस्तार करते हुए तीन करोड़ अतिरिक्त परिवारों को नए घर देने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए पांच लाख छत्तीस हज़ार करोड़ रुपए खर्च किए जाने की योजना है।’’
‘रेरा’ या रियल इस्टेट (विनियमन और विकास) अधिनियम, 2016 राष्ट्रपति की मंजूरी के साथ 25 मार्च, 2016 को पारित हुआ था।
मुर्मू ने कहा कि सरकार गांव में गरीबों को उनकी आवासीय भूमि का हक देने और वित्तीय समावेशन के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस दिशा में स्वामित्व योजना के अंतर्गत अब तक दो करोड़ पच्चीस लाख सम्पत्ति कार्ड जारी किए हैं। इनमें से करीब 70 लाख स्वामित्व कार्ड पिछले छह महीने में जारी हुए हैं।’’
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