जरुरी जानकारी | गडकरी, गोयल, अन्य मंत्रियों ने बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की ‘अड़चनों’ पर विचार-विमर्श किया

नयी दिल्ली, सात जुलाई केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजर्मा मंत्री नितिन गडकरी ने मंगलवार को एक उच्चस्तरीय बैठक में राजमार्गां सहित बुनियादी ढांचा परियोजनाओं में आ रही अड़चनों पर विचार-विमर्श किया।

बैठक में मुख्य रूप से वन मंजूरी के मुद्दे पर चर्चा हुई। इसमें यह बात उभरकर आई कि 187 राजरमार्ग परियोजनाओं में वन मंजूरी मांगी गई है।

यह भी पढ़े | Sarkari Naukri: महाराष्ट्र पुलिस में निकलेगी बंपर भर्ती, गृह मंत्री अनिल देशमुख ने किया ऐलान.

बुनियादी ढांचा क्षेत्र पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिग से हुई बैठक में रेल और वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल, पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर और सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्यमंत्री वी के सिंह शामिल हुए।

बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि परियोजनाओं में आ रही अड़चनों को दूर करने के लिए संयुक्त रूप से मासिक बैठकें आयोजित की जाएंगी।

यह भी पढ़े | जानिए क्या है IPPB मोबाइल बैंकिंग ऐप और कैसे कर सकते हैं प्रयोग?.

सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने बयान में कहा कि लंबित बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के संदर्भ में बैठक में कई मुद्दों पर चर्चा हुई। बैठक में यह बात सामने आई कि 187 राजमार्ग परियोजनाओं के लिए वन मंजूरी लंबित है।

बैठक में यह बात भी सामने आई कि कई परियोजनाओं ने अभी तक चरण-दो की वन मंजूरी के लिए आवेदन नहीं किया है। संबंधित अधिकारियों को इसकी प्रक्रिया जल्द शुरू करने का निर्देश दिया गया।

बैठक में यह मुद्दा भी उठा कि 30 सड़क परियोजनाएं रेलवे के पास लंबित हैं। बयान में कहा गया है कि गोयल ने भरोसा दिलाया कि वह इन मुद्दों को दो दिन में हल कर देंगे। मंत्रियों ने इस बात पर भी चर्चा की कि राष्ट्रीय राजमार्गो पर सम पार (लेवल क्रॉसिंग) हटाने की जरूरत है, क्योकि इनकी वजह से दुर्घटनाएं होती हैं। बैठक में बताया गया कि 167 स्थानों पर इसके डिजाइन को मंजूरी मिली है, लेकिन इनपर अभी काम नहीं शुरू हुआ है।

बयान में कहा गया है कि इस बारे में करार पर करीब पांच साल पहले हस्ताक्षर हुए थे, लेकिन प्रदर्शन में सुधार करने की जरूरत है।

अजय

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)