देश की खबरें | कोटा में आत्महत्या करने वाले छात्र के पिता ने गड़बड़ी का जताया संदेह, निष्पक्ष जांच की मांग की
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राजस्थान के कोटा में जेईई (संयुक्त प्रवेश परीक्षा) की तैयारी कर रहे छात्र के कथित तौर पर आत्महत्या करने के एक दिन बाद उसके पिता ने शनिवार को इसमें गड़बड़ी का संदेह जताते हुए इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की।
कोटा, नौ मार्च राजस्थान के कोटा में जेईई (संयुक्त प्रवेश परीक्षा) की तैयारी कर रहे छात्र के कथित तौर पर आत्महत्या करने के एक दिन बाद उसके पिता ने शनिवार को इसमें गड़बड़ी का संदेह जताते हुए इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की।
''पापा, मेरे से जेईई नहीं हो पाएगा। क्षमा करियेगा, मैं जा रहा हूं।''....यह अंतिम शब्द कोटा में रहकर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करने वाले अभिषेक मंडल (16) के थे, जो उसने संभवत: जहर खाकर आत्महत्या करने से पहले पहले अपने पिता से कहे थे।
अभिषेक ने बृहस्पतिवार रात को अपने पेइंग गेस्ट आवास में कथित तौर पर जहर खाकर आत्महत्या कर ली थी।
अभिषेक के पिता प्रदीप मंडल ने शनिवार को शवगृह के बाहर संवाददाताओं से कहा कि जिस दिन अभिषेक को ट्रेन से बिहार के भागलपुर स्थित अपने घर के लिए निकलना था, उसी दिन उन्हें उसका शव सौंप दिया गया था।
पुलिस उपाधीक्षक धर्मवीर सिंह ने कहा कि बिहार के भागलपुर के रहने वाले अभिषेक मंडल का शव शुक्रवार की सुबह यहां विज्ञान नगर इलाके में स्थित एक पेइंग गेस्ट आवास से बरामद किया गया। ऐसा संदेह है कि बृहस्पतिवार की देर रात उसकी मृत्यु हो गई।
विज्ञान नगर पुलिस थाने के प्रभारी सतीश चंद चौधरी ने कहा कि कोटा शहर पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के बाद शनिवार दोपहर अभिषेक का शव उसके परिवार को सौंप दिया।
थाना प्रभारी ने कहा कि इस मामले की जांच के लिए दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 174 (आत्महत्या पर पूछताछ और रिपोर्ट) के तहत मामला दर्ज किया गया है। शवगृह में पहुंचने के बाद अभिषेक के पिता अपने बेटे का शव देखकर बेहोश हो गए और कुछ देर बाद उन्हें होश आया।
प्रदीप ने संवाददाताओं से कहा कि उन्हें विश्वास नहीं हो रहा है कि उनके बेटे ने आत्महत्या कर ली है। उन्होंने कहा कि अभिषेक एक साल से अधिक समय से कोटा में था और वह पढ़ाई में अच्छा था।
अभिषेक के पिता ने कहा कि उन्हें अपने बेटे की मौत संदिग्ध लगी क्योंकि उसका मोबाइल फोन फॉर्मेट हो गया था और उसमें सिम कार्ड नहीं था। उन्होंने इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
प्रदीप ने इस घटना के बारे में बताते हुए कहा कि उन्होंने आखिरी बार अपने बेटे से बृहस्पतिवार को बात की थी, जब अभिषेक ने कहा था कि वह शनिवार को घर आएगा। उन्होंने इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
पुलिस उपाधीक्षक धर्मवीर सिंह ने कहा कि यह मामला तब सामने आया जब उसके पिता द्वारा उसे बार-बार फोन कॉल किये जाने पर कोई जवाब नहीं मिला और उन्होंने पेइंग गेस्ट का रखरखाव करने वाले व्यक्ति को अपने बच्चे की खोज खबर लेने को कहा।
शुक्रवार की सुबह जब उस व्यक्ति ने मंडल के कमरे की खिड़की से भीतर झांककर देखा तो किशोर बेहोश पड़ा था। उन्होंने बताया कि इसके बाद अभिषेक को अस्पताल ले जाया गया जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।
सिंह ने कहा कि ऐसी आशंका है कि मंडल की मौत जहरीला पदार्थ सल्फॉस खाने से हुई । उन्होंने बताया कि इस दवा की शीशी उसके कमरे से बरामद की गयी।
पुलिस उपाधीक्षक ने कहा कि जिस कोचिंग संस्थान में मंडल एक साल से पढ़ रहा था उसके रिकॉर्ड के अनुसार अभिषेक को 29 जनवरी को जेईई सत्र-1 की परीक्षा देनी थी, लेकिन उसने परीक्षा नहीं दी थी।
कोटा में जनवरी से अब तक किसी कोचिंग छात्र द्वारा आत्महत्या करने का यह पांचवां मामला है। वर्ष 2023 में कोटा में 26 छात्रों ने आत्महत्या की थी।
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(The above story first appeared on LatestLY on Mar 09, 2024 06:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

