देश की खबरें | नवजात बेटी की हत्या के मामले में आरोपी पिता बरी, पत्नी बयान से पलटी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली की एक अदालत ने उस व्यक्ति को बरी कर दिया है जिसके खिलाफ 2019 में अपनी नवजात बेटी का गला घोंटने और उसे पानी में डुबोकर मारने के आरोप में मुकदमा चला था।

नयी दिल्ली, 31 अगस्त दिल्ली की एक अदालत ने उस व्यक्ति को बरी कर दिया है जिसके खिलाफ 2019 में अपनी नवजात बेटी का गला घोंटने और उसे पानी में डुबोकर मारने के आरोप में मुकदमा चला था।

अदालत ने कहा कि आरोपी की पत्नी ने अपने आरोपों को वापस ले लिया और बयान से पलट गयी।

अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (एएसजे) गौतम मनन ने आरोपी को बरी करते हुए कहा कि यह साबित करने के लिए कोई साक्ष्य नहीं है कि घटना के समय आरोपी घर पर मौजूद था। अदालत ने कहा कि कथित हत्या से उसके तार जोड़ने के लिए कोई चिकित्सकीय या फोरेंसिक सबूत नहीं है।

अदालत छह सितंबर, 2019 को 21 दिन की बच्ची की हत्या के आरोपी पिता मुकेश के खिलाफ सुनवाई कर रही थी। पोस्ट-मॉर्टम रिपोर्ट के अनुसार मृत्यु का कारण ‘गला दबाने के कारण दम घुटना’ है।

एएसजे मनन ने 24 अगस्त को अपने फैसले में कहा, ‘‘अभियोजन का मामला गवाह किरन द्वारा बताये गये घटनाक्रम पर आधारित है जो मामले में शिकायती है और मृत लड़की की मां है। उसने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि जब वह छत पर गयी थी तो उसने अपनी बेटी को पूरी तरह गीला देखा और उसके पति आरोपी मुकेश ने माना था कि उसने बच्ची का गला दबाकर और पानी में डुबोकर उसकी हत्या कर दी।’’

न्यायाधीश ने कहा कि किरन ने अदालत में गवाही देते हुए आरोपों का समर्थन नहीं किया और बयान दिया कि छत पर अपनी बेटी को लेटा देखकर उसने चिल्लाना शुरू कर दिया जिसके बाद उसके पति वहां आए।

अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष के अनुसार आरोपी की भतीजी और अन्य गवाह बबीता भी छत पर पहुंची थी और उसने आरोपी को अपनी पत्नी से कहते सुना कि उसने बच्ची को मार दिया है। अदालत के अनुसार, लेकिन महिला अपने बयान से पलट गयी और उसने अभियोजन पक्ष का समर्थन नहीं किया।

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