देश की खबरें | दिल्ली के परिवहन मंत्री ने 100 ‘लो-फ्लोर’ बसों, एक ‘प्रोटोटाइप इलेक्ट्रिक’ बस को हरी झंडी दिखाई
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने सोमवार को शहर के इंद्रप्रस्थ डिपो से 100 ‘लो-फ्लोर’ वातानुकूलित सीएनजी बसों और एक ‘प्रोटोटाइप (नमूना) इलेक्ट्रिक’ बस को हरी झंडी दिखाई।
नयी दिल्ली, सात मार्च दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने सोमवार को शहर के इंद्रप्रस्थ डिपो से 100 ‘लो-फ्लोर’ वातानुकूलित सीएनजी बसों और एक ‘प्रोटोटाइप (नमूना) इलेक्ट्रिक’ बस को हरी झंडी दिखाई।
गहलोत ने कहा कि ये बसें पर्यावरण के अनुकूल हैं और शहर में प्रदूषण को कम करने में मदद करेंगी।
दिल्ली सरकार की ‘क्लस्टर योजना’ के तहत लाईं गईं ये बसें, ‘पैनिक बटन’ तथा ‘ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम’ (जीपीएस) जैसी आधुनिक सुविधाओं से लैस हैं। इसमें दिव्यांग लोग भी आसानी से यात्रा कर पाएंगे। इन 100 बसों के शुरू होने के साथ ही शहर में सार्वजनिक परिवहन बसों की संख्या बढ़कर 7,000 हो गई है।
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी जनवरी में 100 ‘लो-फ्लोर’ वातानुकूलित संपीड़ित प्राकृतिक गैस (सीएनजी) बसों और एक ‘प्रोटोटाइप इलेक्ट्रिक’ बस को हरी झंडी दिखाई थी।
गहलोत ने तब कहा था कि सरकार, अप्रैल तक 300 ‘इलेक्ट्रिक’ बसें चलाने के लिए प्रयास कर रही है।
सोमवार शाम में जारी एक बयान में गहलोत के हवाले से कहा गया है, “ मैं यह सभी बसें दिल्ली के नागरिकों को समर्पित करता हूं और उनसे निजी गाड़ियों का इस्तेमाल कम करने और शहर को प्रदूषण और भीड़भाड़ से मुक्त कराने के लिए जन परिवहन का इस्तेमाल करने का आग्रह करता हूं।”
मंत्री ने कहा कि दिल्ली में बसों के बेड़े में पहली दफा सात हजार से ज्यादा बसें हो गई हैं।
गहलोत ने यह भी बताया कि फरवरी में रोज़ाना 30 लाख लोगों से अधिक लोगों ने डीटीसी और कलस्टर बसों में सफर किया जो दिल्ली की आबादी का करीब 14 फीसदी है।
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