देश की खबरें | दिल्ली की अदालत ने अशोक गहलोत के खिलाफ मानहानि की शिकायत में कार्यवाही पर रोक लगाने से इनकार किया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली की एक अदालत ने कथित मानहानि के लिये राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के खिलाफ केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत द्वारा दायर आपराधिक शिकायत के संदर्भ में कार्यवाही पर रोक लगाने से मंगलवार को इनकार कर दिया। हालांकि, अदालत ने कांग्रेस नेता को मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट के सामने डिजिटल माध्यम से पेश होने की अनुमति दे दी।
नयी दिल्ली, एक अगस्त दिल्ली की एक अदालत ने कथित मानहानि के लिये राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के खिलाफ केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत द्वारा दायर आपराधिक शिकायत के संदर्भ में कार्यवाही पर रोक लगाने से मंगलवार को इनकार कर दिया। हालांकि, अदालत ने कांग्रेस नेता को मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट के सामने डिजिटल माध्यम से पेश होने की अनुमति दे दी।
सांसद, विधायक अदालत के विशेष न्यायाधीश एम. के. नागपाल ने कहा कि सात अगस्त, 2023 को मजिस्ट्रेट अदालत के समक्ष एक आरोपी के रूप में गहलोत की व्यक्तिगत पेशी व्यावहारिक रूप से सुविधाजनक और आवश्यक नहीं हो सकती है, लेकिन अदालत को मामले में कार्यवाही पर रोक लगाने का कोई कारण नहीं दिखता।
कथित संजीवनी घोटाले में शेखावत का नाम जोड़ने संबंधी गहलोत की टिप्पणी पर केंद्रीय मंत्री की शिकायत के बाद एक मजिस्ट्रेट अदालत ने सात अगस्त को कांग्रेस नेता को तलब किया है।
न्यायाधीश ने कहा, ‘‘सात अगस्त, 2023 को उपरोक्त मामले में एसीएमएम के समक्ष एक आरोपी के रूप में याचिकाकर्ता की प्रत्यक्ष और व्यक्तिगत पेशी व्यावहारिक रूप से सुविधाजनक और आवश्यक नहीं हो सकती है, लेकिन इस अदालत को उपरोक्त शिकायत मामले की कार्यवाही पर रोक लगाने या याचिकाकर्ता वीडियो कॉन्फ्रेंस (वीसी) के माध्यम से उक्त अदालत में उपस्थिति क्यों दर्ज नहीं करा सकते हैं, इसको लेकर कोई कारण या आधार नहीं दिखता है।’’
न्यायाधीश ने कार्यवाही के खिलाफ गहलोत के आवेदन पर मामले को 19 अगस्त को आगे की सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया और शेखावत को अपना औपचारिक जवाब और तथ्यों के साथ-साथ कानून पर विस्तृत दलीलें दाखिल करने का निर्देश दिया। न्यायाधीश ने मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट को निर्देश दिया कि वह सात अगस्त को मजिस्ट्रेट अदालत में सुनवाई के दिन गहलोत की प्रत्यक्ष पेशी पर जोर न दें और उन्हें वीसी (वीडियो कॉन्फ्रेंस) के माध्यम से कार्यवाही में शामिल होने की अनुमति दें।
यह मामला संजीवनी क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसाइटी द्वारा हजारों निवेशकों को कथित तौर पर लगभग 900 करोड़ रुपये का चूना लगाने से संबंधित है।
केंद्रीय जल शक्ति मंत्री और जोधपुर से सांसद शेखावत ने मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट के समक्ष अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि गहलोत कथित घोटाले को लेकर उनके खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियां कर रहे हैं और उनकी छवि खराब करने और उनके राजनीतिक करियर को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं।
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