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दिल्ली अदालत के न्यायाधीश कोविड-19 रोगी के संपर्क में आए, दो न्यायाधीशों ने खुद को पृथक किया

जिला न्यायाधीश नीना बंसल कृष्णा द्वारा जारी परिपत्र के अनुसार तीस हजारी जिला अदालत में पदस्थ मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट छह मई को कोविड-19 से पीड़ित एक रोगी के संपर्क में आ गए जिसे बयान दर्ज करने के लिए उनके समक्ष पेश किया गया था।

दिल्ली अदालत के न्यायाधीश कोविड-19 रोगी के संपर्क में आए, दो न्यायाधीशों ने खुद को पृथक किया
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नयी दिल्ली, 13 मई दिल्ली की एक अदालत के एक न्यायाधीश के कोविड-19 रोगी के संपर्क में आने के बाद दो न्यायाधीशों ने खुद को 14 दिन के लिए पृथक कर लिया है। साकेत जिला अदालत द्वारा जारी एक परिपत्र में यह जानकारी दी गई।

जिला न्यायाधीश नीना बंसल कृष्णा द्वारा जारी परिपत्र के अनुसार तीस हजारी जिला अदालत में पदस्थ मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट छह मई को कोविड-19 से पीड़ित एक रोगी के संपर्क में आ गए जिसे बयान दर्ज करने के लिए उनके समक्ष पेश किया गया था।

परिपत्र में कहा गया कि साकेत जिला अदालत में मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट के रूप में पदस्थ उनकी पत्नी ने सूचना दी कि कोरोना वायरस महामारी के प्रसार को रोकने के लिए सरकार द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों के अनुसार उन्होंने भी खुद को 14 दिन के लिए घर में पृथक कर लिया है।

परिपत्र आवश्यक कार्रवाई के लिए दिल्ली उच्च न्यायालय के रजिस्ट्रार जनरल को भेज दिया गया है।

इस पत्र के जारी होने के बाद जिला न्यायाधीश गिरीश कठपालिया ने तीस हजारी अदालत में पदस्थ न्यायिक अधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों और स्टाफ अधिकारियों को कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर निर्देश जारी किए।

परिपत्र में कहा गया, ‘‘कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान आपातकालीन ड्यूटी पर न होने तक कोई भी न्यायिक अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी और स्टाफ अधिकारी व्यक्तिगत रूप से अदालत परिसर नहीं जाएगा। यहां तक कि कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान आपातकालीन ड्यूटी पर तैनात अधिकारी भी तब तक घर से ही ऑनलाइन काम करेंगे जब तक कि किसी मामले में व्यक्तिगत रूप से अदालत परिसर में आए बिना काम करना किसी भी तरह संभव न हो।’’

इसमें आगे कहा गया है कि जो अधिकारी मधुमेह, उच्च रक्तचाप, हृदय संबंधी दिक्कतों और कैंसर जैसी किसी सह-रुग्णता से पीड़ित हों, वे जिला न्यायाधीश या संबंधित शाखा प्रभारी को लिखित में तत्काल इसकी सूचना दें जिससे कि उनकी ऐसी कोई आपातकालीन ड्यूटी न लगाई जाए जिसमें अदालत परिसर में व्यक्तिगत रूप से आना आवश्यक होता है।

अदालत द्वारा रविवार को जारी परिपत्र में कहा गया था कि साकेत जिला अदालत परिसर में अदालत का एक अन्य स्टाफ सदस्य भी नौ मई को कोरोना वायरस से संक्रमित पाया गया।

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(The above story first appeared on LatestLY on May 13, 2020 07:33 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).