नयी दिल्ली, 12 अगस्त पश्चिमी दिल्ली के नारायणा में एक नगर निगम स्कूल में ‘गैस रिसाव’ की संदिग्ध घटना के बाद कथित तौर पर जहरीले धुएं के कारण 28 बच्चों के बीमार होने के मामले की जांच के लिए चार-सदस्यीय समिति का गठन किया गया है।
दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने एक बयान में कहा कि समिति में ‘‘क्षेत्रीय अधीक्षण अभियंता, सहायक आयुक्त, डीडीई और डीएचओ" शामिल होंगे।
बयान में कहा गया है, "करोल बाग क्षेत्र के उपायुक्त ने शुक्रवार को स्कूली बच्चों के बीमार पड़ने की घटना की जांच के लिए चार-सदस्यीय समिति का गठन किया है।"
अधिकारियों ने बताया कि 28 छात्रों को शुक्रवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जिनमें से दो को ऑक्सीजन की आवश्यकता थी।
गौरतलब है कि 19 छात्रों को राम मनोहर लोहिया अस्पताल भेजा गया था, जिनमें से 14 को शुक्रवार को और पांच को शनिवार को छुट्टी दे दी गई, जबकि नौ को आचार्य भिक्षु अस्पताल ले जाया गया, जिनमें से सभी को शुक्रवार को ही चिकित्सा सहायता के बाद छुट्टी दे दी गई।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया था कि घटना के संबंध में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 284 (जहरीले पदार्थ के संबंध में लापरवाहीपूर्ण आचरण), 336 (दूसरों के जीवन या व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरे में डालने वाला कार्य) और 337 (दूसरों के जीवन या व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरे में डालने वाले कार्य से चोट पहुंचाना) के तहत अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
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