देश की खबरें | न्यायालय हाथियों की हत्या की घटनाओं को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई करेगा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उच्चतम न्यायालय एक गर्भवती हथिनी की विस्फोटक भरा अनन्नास खिलाने से मृत्यु की घटना सहित केरल में हाथियों की हत्या के मुद्दे पर सुनवाई के लिये बुधवार को सहमत हो गया।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 14 अक्टूबर उच्चतम न्यायालय एक गर्भवती हथिनी की विस्फोटक भरा अनन्नास खिलाने से मृत्यु की घटना सहित केरल में हाथियों की हत्या के मुद्दे पर सुनवाई के लिये बुधवार को सहमत हो गया।

प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे, न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना और न्यायमूर्ति वी रामासुब्रमणियन की पीठ ने अधिवक्ता अवध बिहारी कौशिक की याचिका पर केन्द्र, केरल सरकार और अन्य को नोटिस जारी किये।

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इस याचिका में कहा गया कि वन्य जीवों को भी संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत जीने का अधिकार प्राप्त है लेकिन इन मामलों में इसका बड़े पैमाने पर उल्लंघन हो रहा है। याचिका में केरल के पल्लकड़ जिले में वेलियार नदी में खड़ी पायी गयी गर्भवती हथिनी का मामला 27 मई को सामने आया था। यह हथिनी बाद में नदी में ही डूब कर मर गयी।

याचिका के अनुसार बाद में पता चला कि इस गर्भवती हथिनी को शक्तिशाली पटाखों से भरा हुआ अनन्नास खिलाया गया था।

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याचिका में आरोप लगाया गया है कि कुछ स्थानीय वन्यजीव कार्यकर्ताओं और दूसरे लोगों ने बताया कि पिछले एक साल के दौरान इस क्षेत्र में कम से कम 17 हाथियों को मारा जा चुका है।

कौशिक ने याचिका में कहा है कि इसी तरह की एक अन्य घटना इसी साल अप्रैल में केरल के कोल्लम जिले में हुयी थी जहां गर्भवती हथिनी का भी यही हश्र हुआ था।

याचिका में इन घटनाओं और दूसरे राज्यों में भी इस तरह की घटनाओं की जांच सीबीआई को सौंपने का अनुरोध करने के साथ ही कहा गया है कि शीर्ष अदालत को इसकी निगरानी करनी चाहिए।

पीठ ने इस याचिका पर नोटिस जारी करने के साथ ही इसे पहले से लंबित एक अन्य याचिका के साथ संलग्न कर दिया।

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