देश की खबरें | लंबे प्रारूप का क्रिकेट खेलने वाले देश भविष्य में कम होते जायेंगे : हारून लोर्गट
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नयी दिल्ली, 12 अक्टूबर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी हारून लोर्गट को लगता है कि क्रिकेट के वैश्विकरण में टी10 क्रिकेट आदर्श हो सकता है क्योंकि लंबे प्रारूप खेलने की इच्छा रखने वाली टीमें कम होती जायेंगी।
लोर्गट को लगता है कि क्रिकेट का नया टी10 प्रारूप 90 मिनट के अंदर खत्म हो जाता जिससे यह काफी शानदार हो सकता है विशेषकर महिलाओं के खेल के लिये क्योंकि आईसीसी की निगाहें ओलंपिक में क्रिकेट के प्रवेश पर लगी हुई हैं।
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लोर्गट को ‘टी10 स्पोर्ट्स मैनेजमेंट’ में दुनिया भर में क्रिकेट के 10 ओवर के प्रारूप के विकास और प्रसार के लिये रणनीति और विकास के निदेशक के तौर पर नियुक्त किया है। कंपनी अबुधाबी टी10 टूर्नामेंट का आयोजन करती है जो 28 जनवरी से छह फरवरी तक किया जायेगा।
लोर्गट ने सोमवार को वर्चुअल मीडिया कांफ्रेंस के दौरान कहा, ‘‘भविष्य में बहुत कम देश लंबे प्रारूप के क्रिकेट को खेलेंगे। ज्यादा से ज्यादा देश छोटे प्रारूप खेलेंगे। ’’
जब तक आईसीसी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट शुरू नहीं करती तो उन्हें कैसे लगता है कि टी10 लोकप्रिय होगा? उन्होंने कहा, ‘‘आईसीसी ने टी10 प्रारूप को पहले ही मंजूरी दे दी है। मैं कुछ दिनों में आईसीसी में अपने पुराने मित्रों से मिलने की योजना बना रहा हूं और देखते हैं कि क्या किया जा सकता है। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘टी10 महिलाओं के खेल के विकास के लिये काफी बेहतरीन हो सकता है। यह ओलंपिक के लिये आदर्श प्रारूप हो सकता है क्योंकि यह महज 90 मिनट में समाप्त हो जाता है जैसे कि फुटबॉल मैच। ’’
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