एजेंसी न्यूज

देश की खबरें | चन्नी ने किसानों से पराली जलाने से जुड़ी पुरानी प्राथमिकियां रद्द करने का वादा किया

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने बुधवार को किसानों से वादा किया कि पराली जलाने को लेकर उनके खिलाफ दर्ज पुराने मामलों को रद्द कर दिया जाएगा। हालांकि इसके साथ ही उन्होंने किसानों से भविष्य में धान की पराली नहीं जलाने को कहा। मुख्यमंत्री ने सरकारी नौकरियों में राज्य के युवाओं को आरक्षण देने के लिए जल्द ही एक कानून लाने का भी ऐलान किया।

देश की खबरें | चन्नी ने किसानों से पराली जलाने से जुड़ी पुरानी प्राथमिकियां रद्द करने का वादा किया

चंडीगढ़, 17 नवंबर पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने बुधवार को किसानों से वादा किया कि पराली जलाने को लेकर उनके खिलाफ दर्ज पुराने मामलों को रद्द कर दिया जाएगा। हालांकि इसके साथ ही उन्होंने किसानों से भविष्य में धान की पराली नहीं जलाने को कहा। मुख्यमंत्री ने सरकारी नौकरियों में राज्य के युवाओं को आरक्षण देने के लिए जल्द ही एक कानून लाने का भी ऐलान किया।

मुख्यमंत्री चन्नी ने केंद्र के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के दौरान राज्य में किसानों के खिलाफ दर्ज सभी प्राथमिकी को भी रद्द करने का वादा किया। इसके साथ ही उन्होंने कपास की फसल के नुकसान के लिए मुआवजे की रकम को 12,000 रुपये प्रति एकड़ से बढ़ाकर 17,000 रुपये प्रति एकड़ करने के अपने सरकार के फैसले की भी घोषणा की।

चन्नी ने ये वादे यहां पंजाब के 32 कृषि निकायों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक के दौरान किए। चन्नी ने बैठक के बाद मीडिया से कहा कि उनकी सरकार राज्य में कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसानों के खिलाफ पंजाब पुलिस द्वारा दर्ज सभी प्राथमिकी रद्द कर देगी।

उन्होंने कहा, ‘‘इसके साथ ही हम चाहते हैं कि भविष्य में कोई भी किसान पराली नहीं जलाए और सरकार इसके उल्लंघन के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई करेगी... लेकिन अगर किसी के खिलाफ पराली जलाने से जुड़ी कोई पुरानी प्राथमिकी है तो हम उसे रद्द कर रहे हैं।

चन्नी का यह बयान पंजाब में पराली जलाने की बढ़ती घटनाओं के बीच आया है और इस सीजन में इस तरह की 69,000 से अधिक घटनाएं दर्ज की गई हैं।

चन्नी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम चाहते हैं कि राज्य में पंजाब के युवाओं को ही नौकरियां मिलें। इसके लिए हम एक सप्ताह के भीतर नया कानून लाएंगे।’’

यह 15 जनवरी, 2022 से लागू होगा। हरियाणा सरकार पहले ही राज्य के लोगों को निजी क्षेत्र में 75 प्रतिशत आरक्षण प्रदान करने वाला कानून बना चुकी है।

बाद में, पराली जलाने के मुद्दे पर किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री से कहा कि राष्ट्रीय हरित अधिकरण के फैसले को लागू किया जाना चाहिए जिसमें 2.50 एकड़ से कम भूमि वाले किसानों को फसलों के अवशेष के प्रबंधन के लिए निःशुल्क कृषि मशीनरी दी जानी चाहिए।

मुख्यमंत्री चन्नी ने किसान आंदोलन के दौरान मारे गए किसानों के शोक संतप्त परिवारों के प्रति एकजुटता व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार पहले ही 152 पीड़ित परिवारों को सरकारी नौकरी दे चुकी है। इसके अलावा उनमें से प्रत्येक को पांच लाख रुपये की वित्तीय सहायता भी दी जा रही है।

इस बीच, मुख्यमंत्री चन्नी के साथ बैठक से पहले, कई किसान नेताओं ने बैठक स्थल के बाहर प्रदर्शन किया। उन्होंने दावा किया कि जब वे पंजाब भवन में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे थे तो सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें कथित रूप से धक्का दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री के माफी मांगने तक बैठक में शामिल नहीं होने की धमकी दी।

बाद में पंजाब के कृषि मंत्री रणदीप सिंह नाभा उन्हें शांत करने के लिए बाहर आए और चन्नी ने भी उनसे मुलाकात की।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 17, 2021 10:36 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).