देश की खबरें | राज्यसभा में हंगामा करने वाले विपक्षी सदस्यों के खिलाफ विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव ला सकती है भाजपा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राज्यसभा में रविवार को हुए हंगामे को लेकर सत्ताधारी राजग और विपक्षी दलों के बीच सियासी घमासान और बढ़ने की उम्मीद है क्योंकि भाजपा सदन में कृषि विधेयकों को पारित किये जाने के दौरान अमर्यादित आचरण करने के आरोपी कुछ विपक्षी सांसदों के खिलाफ विशेषाधिकार हनन के प्रस्ताव लाने पर विचार कर रही है।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 20 सितंबर राज्यसभा में रविवार को हुए हंगामे को लेकर सत्ताधारी राजग और विपक्षी दलों के बीच सियासी घमासान और बढ़ने की उम्मीद है क्योंकि भाजपा सदन में कृषि विधेयकों को पारित किये जाने के दौरान अमर्यादित आचरण करने के आरोपी कुछ विपक्षी सांसदों के खिलाफ विशेषाधिकार हनन के प्रस्ताव लाने पर विचार कर रही है।

कार्यवाही के स्थगन के विपक्षी दलों के अनुरोध की अनदेखी के बाद जिस तरह से सदन में विधेयकों को पारित किया गया उसे लेकर 12 विपक्षी दलों ने राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया था जिसके बाद भाजपा की तरफ से यह प्रतिक्रिया आई।

यह भी पढ़े | PM-CARES Fund Row: अधीर रंजन चौधरी ने पूछा- COVID-19 महामारी से निपटने के स्वास्थ्य मंत्रालय को पीएम केयर्स फंड से मिला कितना पैसा? डॉ हर्षवर्धन ने दिया ये जवाब.

एक सूत्र ने कहा कि विपक्षी दलों के नोटिस देने के थोड़ी देर बाद कुछ केंद्रीय मंत्री राज्यसभा के सभापति वेंकैया नायडू के आवास पर पहुंचे और विपक्षी सांसदों द्वारा कथित तौर पर किये गए अमर्यादित आचरण और हंगामे के पूरे प्रकरण से उन्हें अवगत कराया।

सूत्र ने कहा कि सरकार सदन में एक पार्टी के नेता समेत तीन से चार सांसदों के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का प्रस्ताव लाने पर सक्रिय रूप से विचार कर रही है।

यह भी पढ़े | लोकसभा में राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय विधेयक 2020 पारित: 20 सितंबर 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

राज्यसभा में कृषि संबंधी दो विधेयकों के पारित होने के दौरान उस समय हंगामे की स्थिति बन गई जब सदस्यों ने सदन की कार्यवाही का संचालन कर रहे उपसभापति हरिवंश पर कागज फेंके।

कुछ विपक्षी सदस्य अधिकारियों की टेबल पर खड़े नजर आए और सभापति के आसन के सामने लगा माइक भी तोड़ दिया क्योंकि उनका आरोप था कि विधेयक को प्रवर समिति को भेजे जाने के उनके प्रस्ताव पर मत विभाजन की मांग की अनदेखी की गई।

विपक्षी दलों के हंगामे के बीच विधेयक ध्वनिमत से पारित कर दिये गए।

उप सभापति के खिलाफ नोटिस देने वाले दलों में कांग्रेस, अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, तेलंगाना राष्ट्र समिति, भाकपा, माकपा, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी, राष्ट्रीय जनता दल, नेशनल कॉन्फ्रेंस, द्रमुक और आम आदमी पार्टी शामिल हैं।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

India vs New Zealand ODI Stats: वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में एक-दूसरे के खिलाफ कुछ ऐसा रहा हैं टीम इंडिया बनाम न्यूजीलैंड का प्रदर्शन, यहां देखें दोनों टीमों के आकंड़ें

IND vs NZ 3rd ODI 2026, Indore Weather, Rain Forecast: इंदौर में बारिश बनेगी विलेन या फैंस उठाएंगे पूरे मैच का लुफ्त, मुकाबले से पहले जानें मौसम का हाल

India vs New Zealand 3rd ODI Match Preview: कल टीम इंडिया बनाम न्यूजीलैंड के बीच खेला जाएगा रोमांचक मुकाबला, मैच से पहले जानिए हेड टू हेड रिकार्ड्स, मिनी बैटल, स्ट्रीमिंग समेत सभी डिटेल्स

DC vs RCB, WPL 2026 11th Match Scorecard: नवी मुंबई में दिल्ली कैपिटल्स महिला ने रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु महिला के सामने रखा 167 रनों का टारगेट, शैफाली वर्मा ने जड़ा ताबड़तोड़ अर्धशतक; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

\