विदेश की खबरें | बाइडन ने नाटो के प्रति अमेरिका का ‘पवित्र’ कटिबद्धता दोहरायी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. यह गठबंधन डोनाल्ड ट्रंप के अमेरिकी राष्ट्रपति रहने के बाद मुश्किल में घिर गया था क्योंकि ट्रंप ने इसकी प्रासंगिकता पर प्रश्न उठाया था।

यह गठबंधन डोनाल्ड ट्रंप के अमेरिकी राष्ट्रपति रहने के बाद मुश्किल में घिर गया था क्योंकि ट्रंप ने इसकी प्रासंगिकता पर प्रश्न उठाया था।

अपनी अध्यक्षता में नाटो के पहले सम्मेलन के वास्ते इसके मुख्यालय पहुंचने के शीघ्र बाद बाइडन ने महासचिव जेंस स्टोल्टेनबर्ग के साथ भेंटवार्ता की और इस गठबंधन के चार्टर के अनुच्छेद पांच के प्रति अमेरिकी कटिबद्धता सामने रखी। इस अनुच्छेद के अनुसार किसी भी सदस्य पर हमला नाटो पर हमला है और सभी सदस्य मिलकर उस हमले का मुकाबला करेंगे।

बाइडन ने कहा, ‘‘ अनुच्छेद पांच, हम इसे पवित्र बाध्यता के रूप मे लेते हैं। मैं चाहता हूं कि नाटो जान ले कि अमेरिका उसके साथ है।’’

स्टोल्टेनबर्ग ने नाटो नेताओं के संयुक्त सत्र के शुभारंभ के मौके पर कहा, ‘‘ हम अपने गठबंधन के लिए अहम वक्त पर बैठक रहे है, यह समय बढ़ती भौगोलिक-राजनीतिक प्रतिस्पर्धा, क्षेत्रीय अस्थिरता, आतंकवाद, साइबर हमले, जलवायु परिवर्तन का वक्त है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ कोई भी देश या महाद्वीप इन चुनौतियों से अकेले पार नहीं पा सकता है। यूरोप और उत्तरी अमेरिका अकेले नहीं हैं।’’

जी-7 सम्मेलन के बाद यहां पहुंचने पर बाइडन का साथी नेताओं ने गर्मजोशी से एवं राहत महसूस करते हुए स्वागत किया।

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