विदेश की खबरें | अमेरिकी राष्ट्रपति को गोपनीय सूचना देने वाली किताब ‘प्रेसिडेंटस डेली ब्रीफ’ बाइडन को मिली
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. ऐसा नहीं है कि बाइडन पहली बार इस किताब को देख रहे हैं, इससे पहले ओबामा प्रशासन को सत्ता हस्तांतरण के दौरान बतौर उपराष्ट्रपति उन्हें तत्कालीन राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश की किताब देखने मौका मिला था। साथ ही बराक ओबामा के राष्ट्रपति रहते हुए आठ साल तक वह इस किताब को पढ़ते रहे हैं।
ऐसा नहीं है कि बाइडन पहली बार इस किताब को देख रहे हैं, इससे पहले ओबामा प्रशासन को सत्ता हस्तांतरण के दौरान बतौर उपराष्ट्रपति उन्हें तत्कालीन राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश की किताब देखने मौका मिला था। साथ ही बराक ओबामा के राष्ट्रपति रहते हुए आठ साल तक वह इस किताब को पढ़ते रहे हैं।
गौरतलब है कि अमेरिका के प्रत्येक राष्ट्रपति के हिसाब से इस किताब को तैयार किया जाता है और इसमें उनकी प्राथमिकता के हिसाब से सूचनाओं का संकलन किया जाता है।
यह भी पढ़े | दुनियाभर में कोरोना मामलों की संख्या 6.3 करोड़ के पार : जॉन्स हॉपकिन्स.
ओबामा प्रशासन के बाद चार साल के अंतराल पर फिर से बाइडन को इस किताब को पढ़ने का मौका मिल रहा है और वह फिलहाल राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की किताब पढ़ रहे हैं।
‘प्रेसिडेंट्स डेली ब्रीफ’ का इतिहास ‘ए प्रेसिडेंट्स बुक ऑफ सीक्रेट्स’ के लेखक डेविस प्रीस का कहना है, ‘‘किताब तैयार करने वाले निश्चित रूप से बाइडन से पूछेंगे कि वह सूचनाओं को किस तरीके और फॉर्मैट में देखना/पाना चाहते हैं।’’
यह भी पढ़े | वाशिंगटन के गवर्नर जे इंसली ने की कोविड एक्सपोजर नोटिफिकेशन टूल की घोषणा.
पूर्व राष्ट्रपति ओबामा के कार्यकाल में उनकी किताब 10-15 पन्नों की लेदर बाइंडर (चमड़े की फाइल) में होती थी और रोज सुबह वह नाश्ते के समय इसे पढ़ते थे। बाद के दिनों में ओबामा ने इसे अपने सिक्योर आईपैड पर पढ़ना शुरू कर दिया था।
ओबामा ने हाल ही में बाजार में आयी अपनी किताब ‘ए प्रॉमिस्ड लैंड’ में लिखा है कि उनकी पत्नी ‘‘मिशेल इसे ‘डेथ, डिस्ट्रक्शन एंड हॉरिबल थिंग्स बुक’ कहा करती थीं।’’
ओबामा ने लिखा है, ‘‘किसी दिन मैं सोमालिया में आतंकवादी समूहों, इराक में अशांति या फिर चीन और रूस द्वारा नयी हथियार प्रणाली विकसित किए जाने की सूचना पढ़ रहा होता था।’’
अभी से लेकर शपथ ग्रहण तक बाइडन और उपराष्ट्रपति कमला हैरिस ट्रंप के हिसाब से तैयार की गई किताब को ही पढ़ेंगे। गौरतलब है कि ट्रंप द्वारा चुनाव परिणाम को विभिन्न अदालतों में चुनौती दिए जाने के कारण बाइडन और हैरिस को यह किताब काफी देर से मिली है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)