देश की खबरें | बैंक ऋण धोखाधड़ी: हैदराबाद की अदालत ने पांच लोगों को दोषी ठहराया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. हैदराबाद की एक विशेष पीएमएलए अदालत ने भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) में दो करोड़ रुपये से अधिक की कर्ज धोखाधड़ी से जुड़े धनशोधन के आरोपों में तीन बैंक कर्मियों समेत पांच लोगों को दोषी ठहराया है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
नयी दिल्ली, 21 फरवरी हैदराबाद की एक विशेष पीएमएलए अदालत ने भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) में दो करोड़ रुपये से अधिक की कर्ज धोखाधड़ी से जुड़े धनशोधन के आरोपों में तीन बैंक कर्मियों समेत पांच लोगों को दोषी ठहराया है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
संघीय जांच एजेंसी ने एक बयान में कहा कि दोषियों को सात साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई गयी है और 50-50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
मेट्रोपॉलिटन सत्र न्यायाधीश की अदालत ने टी जयश्री और एम चिन्ना (चक्किलम ट्रेड हाउस लिमिटेड के कर्मचारी) और तीन बैंक अधिकारियों- एस नरसिंहन, ए शशिभूषण राव और एस आरोग्यम को धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) की संबंधित धाराओं के तहत दोषी ठहराया।
अदालत ने कंपनी को भी एक लाख रुपये का जुर्माना अदा करने का निर्देश दिया।
सीबीआई की एक प्राथमिकी का संज्ञान लेने के बाद ईडी ने धनशोधन का मामला दर्ज किया था। ईडी ने दिसंबर, 2013 में अदालत में आरोपपत्र दायर किया था।
ईडी ने कहा कि एसबीआई ने 2,08,50,000 रुपये के ऋण की मंजूरी दी थी और इसका दुरुपयोग किया गया।
एजेंसी ने कहा कि कर्ज के लिए बैंक के पास जो संपत्ति गिरवी रखी गयीं, उन्हें कंपनी और उसके प्रवर्तक पहले ही बेच चुके थे।
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