Umesh Pal Murder Case: अपहरण मामले में अतीक अहमद, उसके भाई की आज अदालत में पेशी होगी
माफिया-राजनेता पूर्व सांसद अतीक अहमद और उसके भाई खालिद अजीम उर्फ अशरफ को 2005 में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के तत्कालीन विधायक राजू पाल हत्याकांड मामले के गवाह उमेश पाल के अपहरण के मामले में मंगलवार को यहां एक स्थानीय अदालत में पेश किया जाएगा.
प्रयागराज (उप्र), 28 मार्च : माफिया-राजनेता पूर्व सांसद अतीक अहमद और उसके भाई खालिद अजीम उर्फ अशरफ को 2005 में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के तत्कालीन विधायक राजू पाल हत्याकांड मामले के गवाह उमेश पाल के अपहरण के मामले में मंगलवार को यहां एक स्थानीय अदालत में पेश किया जाएगा. उमेश पाल की पत्नी जया पाल ने कहा कि वह अदालत नहीं जाएंगी और अपने घर पर फैसले का इंतजार करेंगी. अहमद और अशरफ की पेशी के मद्देनजर अदालत और जेल परिसर के बाहर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है. दोनों भाइयों को दो अलग-अलग जेलों से सोमवार को प्रयागराज लाया गया था. उमेश पाल की पत्नी जया पाल ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘मैं अदालत नहीं जा रही हूं. मैं अपने घर में रहूंगी और अहमद के लिए मृत्युदंड की प्रार्थना करूंगी.’’ अहमद और अशरफ पर 2005 में राजू पाल की हत्या के प्रमुख गवाह उमेश पाल की पिछले महीने हुई हत्या के मामले में साजिश में शामिल होने का भी आरोप है.
उमेश पाल और उसकी सुरक्षा में तैनात दो पुलिसकर्मियों की 24 फरवरी को प्रयागराज में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. पाल की पत्नी जया की शिकायत पर प्रयागराज के धूमनगंज थाने में अहमद, उसके भाई अशरफ, पत्नी शाइस्ता परवीन, दो बेटों, सहयोगी गुड्डू मुस्लिम और गुलाम तथा नौ अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था. बसपा विधायक राजू पाल की 25 जनवरी, 2005 को हुई हत्या के बाद तत्कालीन जिला पंचायत सदस्य उमेश पाल ने पुलिस को बताया था कि वह हत्या का चश्मदीद था. उमेश ने आरोप लगाया था कि जब उसने अतीक अहमद के दबाव में पीछे हटने और झुकने से इनकार कर दिया तो 28 फरवरी 2006 को उसका अपहरण कर लिया गया था. यह भी पढ़ें : Karnataka: छात्राओं के साथ यौन उत्पीड़न और दुर्व्यवहार के आरोप में शिक्षक व प्रधानाध्यापक निलंबित
अतीक, उसके भाई अशरफ और चार अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ पांच जुलाई 2007 को इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई थी. मामले में अदालत में पेश किए गए आरोप पत्र में 11 आरोपियों का जिक्र है. फूलपुर से समाजवादी पार्टी (सपा) के पूर्व सांसद अतीक अहमद को जून 2019 में गुजरात की साबरमती केंद्रीय जेल में स्थानांतरित कर दिया गया था. उत्तर प्रदेश में जेल में रहने के दौरान रियल एस्टेट व्यवसायी मोहित जायसवाल के अपहरण और मारपीट का आरोप लगने के बाद अतीक को साबरमती जेल भेजा गया था. अतीक अहमद उमेश पाल हत्याकांड सहित 100 से अधिक आपराधिक मामलों में नामजद है. अधिकारियों ने बताया कि जुलाई 2020 से बरेली जिला जेल में बंद अशरफ को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सोमवार शाम नैनी केंद्रीय जेल लाया गया. उसके साथ पुलिस की एक टीम सोमवार सुबह बरेली से प्रयागराज के लिए रवाना हुई.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 28, 2023 11:08 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

