तेजपुर, 14 फरवरी असम सरकार ने मंगलवार को सोनितपुर जिले में स्थित बुरहाचपोरी वन्यजीव अभ्यारण्य से ‘अतिक्रमण’ हटाने के लिए बेदखली अभियान शुरू किया है।
सोनितपुर के उपायुक्त देब कुमार मिश्र ने दावा किया कि वन क्षेत्र पर बीते दशकों में हजारों लोगों ने अवैध कब्जा कर लिया है और प्रशासन ने फिलहाल जारी अभियान के दौरान 1892 हेक्टेयर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने का फैसला किया है।
उन्होंने दावा किया कि, ‘‘हमारे रिकॉर्ड के अनुसार वन क्षेत्र की जिस जमीन पर अतिक्रमण किया गया है उस पर 2513 परिवार रह रहे थे और उन्हें भूमि खाली करने का नोटिस दिया गया था। अभियान शुरू होने से पूर्व करीब सभी लोग पहले ही इलाके से जा चुके हैं।’’
उपायुक्त ने कहा कि निर्माण को गिराकर भूमि को कब्जा मुक्त कराने के लिए सुबह से ही करीब 100 बुलडोजर, खुदाई मशीनों और ट्रैक्टरों के साथ सुरक्षा बलों की तैनाती की गई थी। उन्होंने कहा कि अभियान के पूरा होने पर कब्जा मुक्त भूमि पर वन विभाग फिर से वनीकरण अभियान शुरू करेगा।
गौरतलब है कि राज्य सरकार ने इसके पहले लखीमपुर जिले में पिछले महीने ‘अवैध बाशिंदों’ को बेदखल करने के लिए अभियान शुरू किया था।
अखिल असम अल्पसंख्यक छात्र संघ (एएएमएसयू) ने इस बेदखली अभियान को अमानवीय और एकतरफा करार दिया और इसके खिलाफ जिले में संक्षिप्त विरोध प्रदर्शन किया।
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