देश की खबरें | सेना ने दक्षिण-पश्चिमी कमान में दो जनरलों के बीच मनमुटाव की जांच के आदेश दिए
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नयी दिल्ली, तीन फरवरी थलसेना ने दक्षिण-पश्चिमी कमान के दो जनरलों के बीच विभिन्न मुद्दों पर जारी मनमुटाव की ‘कोर्ट ऑफ इंक्वायरी’ का आदेश दिया है, जिसे एक दुर्लभ कदम माना जा रहा है।
आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी।
राजस्थान और पंजाब से जुड़ी सीमाओं की सुरक्षा का दायित्व देखने वाली इस कमान का मुख्यालय जयपुर में है।
कमान के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल आलोक क्लेर और उप प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल के के रेप्सवाल के बीच कमान के संचालन, भूमिका, चार्टर और विभिन्न नियुक्तियों के दायित्व को लेकर महीनों से मतभेद बताए जाते हैं।
ऐसा माना जाता है कि लेफ्टिनेंट जनरल क्लेर ने सेना प्रमुख को लेफ्टिनेंट जनरल रेप्सवाल के आचरण को लेकर एक अभिवेदन दिया था। लेफ्टिनेंट जनरल रेप्सवाल ने भी लेफ्टिनेंट जनरल क्लेर के खिलाफ ऐसी ही शिकायत की थी।
सूत्रों ने बताया कि सेना मुख्यालय ने मध्य कमान के मुखिया लेफ्टिनेंट जनरल आई एस घूमन को जांच का जिम्मा सौंपा।
उन्होंने बताया कि लेफ्टिनेंट जनरल घूमन दोनों जनरलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप की जांच कर रहे हैं और जल्द ही जांच के आधार पर एक विस्तृत रिपोर्ट सौंपेंगे।
इस संबंध में एक सूत्र ने कहा, ‘‘जांच के आधार पर आगे का कोई भी कदम उठाया जाएगा।’’
थलसेना प्रमुख जनरल एम एम नरवणे ने पिछले साल सितंबर में थलसेना उपप्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल एस के सैनी को मामले को देखने को कहा था।
सैनी 31 जनवरी को सेवानिवृत्त हो गए थे।
लेफ्टिनेंट जनरल क्लेर और लेफ्टिनेंट जनरल रेप्सवाल दोनों ही प्रतिष्ठित सैन्य परिवारों से ताल्लुक रखते हैं।
क्लेर मार्च में सेवानिवृत्त होने वाले हैं, जबकि रेप्सवाल का तबादला पूर्वी कमान में किया जा रहा है जिसका मुख्यालय कोलकाता में है।
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