जरुरी जानकारी | वैश्विक उथल-पुथल के बीच भारत ‘‘ वृद्धि का प्रेरक प्रकाश स्तंभ’’ बनकर उभरा: आईटीसी सीएमडी पुरी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. आईटीसी के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक (सीएमडी) संजीव पुरी ने शुक्रवार को कहा कि लगातार सात प्रतिशत से अधिक की जीडीपी वृद्धि दर के साथ भारत भू-राजनीतिक तनावों तथा जलवायु आपात स्थितियों से जूझ रहे अशांत विश्व के बीच ‘‘वृद्धि का प्रेरक प्रकाश स्तंभ’’ बनकर उभरा है।

नयी दिल्ली, 26 जुलाई आईटीसी के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक (सीएमडी) संजीव पुरी ने शुक्रवार को कहा कि लगातार सात प्रतिशत से अधिक की जीडीपी वृद्धि दर के साथ भारत भू-राजनीतिक तनावों तथा जलवायु आपात स्थितियों से जूझ रहे अशांत विश्व के बीच ‘‘वृद्धि का प्रेरक प्रकाश स्तंभ’’ बनकर उभरा है।

कंपनी की वार्षिक आम बैठक में पुरी ने कहा कि दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था के रूप में इसका प्रदर्शन ‘‘असाधारण’’ रहा है, जिससे न केवल वैश्विक सम्मान प्राप्त हुआ है, बल्कि यह इसके भविष्य की संभावनाओं की ओर भी संकेत करता है।

उन्होंने कहा कि विश्लेषकों का अनुमान है कि भारत की प्रति व्यक्ति सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) 2030 तक 4,000 अमेरिकी डॉलर के ‘इंफलेक्शन’ (नति परिवर्तन) बिंदु को छू लेगी, जिससे घरेलू खपत बढ़ेगी और उच्च वृद्धि को बढ़ावा मिलेगा।

पुरी ने कहा, ‘‘ यह वास्तव में भारत के लिए एतिहासिक क्षण है। वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में विविधीकरण, सर्वव्यापी डिजिटल क्रांति तथा हरित बदलाव की तत्काल आवश्यकता से आज बड़े अवसर उभर रहे हैं।’’

उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों का अनुमान है कि भारत अगले पांच वर्षों में विश्व की जीडीपी वृद्धि में 18 प्रतिशत का योगदान देगा और 2035 से 2040 के बीच यह 30 प्रतिशत तक पहुंच सकता है।

पुरी ने कहा, ‘‘ आकांक्षी भारत का उदय उपभोग आधारित वृद्धि को भी बढ़ावा देगा।’’

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