विदेश की खबरें | अमेरिका ने ट्रंप शासन के दौरान फलस्तीन से संबंध के नियम को वापस लिया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. अमेरिकी सरकार द्वारा इस बदलाव की घोषणा बृहस्पतिवार को राष्ट्रपति जो बाइडन की इजराइल और कब्जे वाले वेस्ट बैंक की संभावित यात्रा से पहले की गई है। इसका अभिप्राय है कि फलस्तीनी, इजराइल में नियुक्त अमेरिकी राजदूत के जरिये संपर्क करने के बजाय सीधे अमेरिका के विदेश मंत्रालय से संपर्क कर सकते हैं।
अमेरिकी सरकार द्वारा इस बदलाव की घोषणा बृहस्पतिवार को राष्ट्रपति जो बाइडन की इजराइल और कब्जे वाले वेस्ट बैंक की संभावित यात्रा से पहले की गई है। इसका अभिप्राय है कि फलस्तीनी, इजराइल में नियुक्त अमेरिकी राजदूत के जरिये संपर्क करने के बजाय सीधे अमेरिका के विदेश मंत्रालय से संपर्क कर सकते हैं।
इस बदलाव को इंगित करते हुए पूर्वी फलस्तीनी मामलों की इकाई का नाम बदल कर बृहस्पतिवार को फलस्तीनी मामलों का अमेरिकी कार्यालय कर दिया गया है।
नए नामकरण के बाद कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि इस कदम का अभिप्राय ‘‘हमारे राजनयिक और जन संपर्क कूटनीति को मजबूत करना है।’’
बयान में कहा गया, ‘‘हमने महसूस किया कि जमीन पर मौजूद हमारी संबंधित टीम जो इन मुद्दों (इजराइल-फलस्तीन)पर ध्यान केंद्रित कर रही है के लिए इजराइल और फलस्तीन पर वाशिंगटन को अलग-अलग रिपोर्ट करने की व्यवस्था पुन बहाल करने की जरूरत है।’’
बयान में कहा गया कि ट्रंप द्वारा रद्द किए जाने से पहले दशकों से स्थापित व्यवस्था को बहाल किया जा रहा है।
हालांकि, अमेरिका के इस फैसले पर फलस्तीन और इजराइल की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
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