देश की खबरें | एअर इंडिया विमान दुर्घटना: पायलटों के संगठन ने प्रारंभिक रिपोर्ट पर चिंता जताई
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स (एफआईपी) ने बृहस्पतिवार को सरकार से कहा कि पिछले महीने दुर्घटना का शिकार हुए एअर इंडिया के बोइंग विमान 787-8 में किसी संभावित गलत अनुमान या यांत्रिक खामी का पुन: आकलन किया जाना चाहिए।
मुंबई, 17 जुलाई फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स (एफआईपी) ने बृहस्पतिवार को सरकार से कहा कि पिछले महीने दुर्घटना का शिकार हुए एअर इंडिया के बोइंग विमान 787-8 में किसी संभावित गलत अनुमान या यांत्रिक खामी का पुन: आकलन किया जाना चाहिए।
संगठन ने इस मामले में जांच में विषय विशेषज्ञों को शामिल करने की जरूरत बताई।
गत 12 जून को अहमदाबाद में हुए हादसे पर विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (एएआईबी) की प्रारंभिक रिपोर्ट को लेकर चिंताएं प्रकट करते हुए एफआईपी ने कहा कि रिपोर्ट में दो संभावित और पूर्व में दस्तावेजों में जब्त किए गए तकनीकी परिदृश्यों पर पर्याप्त रूप से विचार नहीं किया गया या उन्हें स्वीकार नहीं किया गया, जिनमें से किसी एक के कारण दोनों इंजन स्वचालित तरीके से बंद हुए हो सकते हैं।
सूत्रों के अनुसार संगठन ने नागर विमानन मंत्रालय को पत्र लिखकर दुर्घटना की जांच और प्रारंभिक रिपोर्ट पर अनेक चिंताएं जताई हैं।
फेडरेशन ने प्रारंभिक रिपोर्ट समय पर जारी होने की प्रशंसा की, वहीं यह भी कहा कि इस रिपोर्ट से यह निष्कर्ष निकलता प्रतीत होता है कि पायलट की ओर से त्रुटि हुई और इसके लिए कोई ठोस प्रमाण नहीं दिया गया या उस तकनीकी खामी पर विचार नहीं किया गया जिस तरह की संभावना पहले एक ऐसी ही विमान दुर्घटना में तलाशी गई थी।
संगठन ने पत्र में आरोप लगाया है कि ऐसा पहली बार नहीं हुआ है कि बोइंग विमान में प्रणाली संबंधी चूक के लिए शुरुआत में पायलट की त्रुटि को या आत्महत्या की मंशा को जिम्मेदार ठहराया गया हो, जो बाद की जांच में गलत साबित हुईं।
पत्र के हवाले से सूत्रों ने कहा कि एआई-171 विमान की दुर्घटना संबंधी प्रारंभिक रिपोर्ट में पूरी तरह सत्यापन के बिना अपरिपक्व तरीके से और परोक्ष रूप से पायलट की चूक को जिम्मेदार ठहराने से न केवल गलत तरह से किसी को जवाबदेह ठहराने का जोखिम पैदा होता है, बल्कि अतीत में हुईं जांच संबंधी खामियों को भी दोहराया जा रहा है।
एफआईपी ने उपलब्ध एफडीआर/सीवीआर डेटा और पूर्व बोइंग बुलेटिन के आधार पर टीसीएमए/ईईसी/एफएडीईसी की गलत व्याख्या और यांत्रिक त्रुटियों की भूमिका के पुन: आकलन की मांग की है।
टीसीएमए से आशय ‘थ्रस्ट कंट्रोल मालफंक्शन एकोमोडेशन’ से है, वहीं ईईसी ‘इलेक्ट्रॉनिक इंजन कंट्रोलर’ का शब्द-संक्षेप है। इसी तरह एफएडीईसी ‘फुल अथॉरिटी डिजिटल इंजन कंट्रोल’ है, एफडीआर का आशय ‘फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर’ और सीवीआर ‘कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर’ का संक्षिप्त रूप है।
गत शनिवार को जारी एएआईबी की प्रारंभिक रिपोर्ट में कहा गया है कि उड़ान भरने के तुरंत बाद एक सेकंड के अंतराल में विमान के ईंधन स्विच बंद हो गए और विमान के एक इमारत से टकराने से पहले कॉकपिट में भ्रम की स्थिति पैदा हो गई। उड़ान संख्या एआई-171 ने अहमदाबाद से लंदन गैटविक के लिए प्रस्थान किया था।
हालांकि, रिपोर्ट में कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया गया है, लेकिन कुछ हलकों में अटकलें लगाई जा रही हैं कि दुर्घटना का कारण पायलट की संभावित गलती भी हो सकती है।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 17, 2025 01:30 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

