चेन्नई, छह अक्टूबर भारतीय वायुसेना (आईएएफ) के विमानों ने स्थानीय मरीना के आसमान में अपनी वायुशक्ति और युद्ध-कौशल का प्रदर्शन करते हुए रविवार को यहां उपस्थित जनसमुदाय को रोमांच से भर दिया। ये लोग रविवार को उमस के बावजूद हजारों की संख्या में यहां पहुंचे और राफेल सहित भारतीय वायुसेना के विभिन्न लड़ाकू विमानों का रणकौशल का भरपूर आनंद उठाया।
लड़ाकू विमानों के रोमांचकारी प्रदर्शन का नजारा देखने के लिए दर्शक पूर्वाह्न 11 बजे से ही मरीना बीच पर एकत्र होने लगे थे, जिनमें से कई ने खुद को चिलचिलाती धूप से बचाने के लिए अपने हाथों में छाते ले रखे थे।
प्रदर्शन की शुरुआत भारतीय वायुसेना के विशेष गरुड़ बल के कमांडो के उस साहसिक कौशल के प्रदर्शन के साथ हुई, जिसमें उन्होंने बंधक को मुक्त कराने का एक मॉक अभियान प्रदर्शित किया।
लाइटहाउस और चेन्नई बंदरगाह के बीच मरीना पर आयोजित 92वें भारतीय वायुसेना दिवस समारोह में वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमरप्रीत सिंह, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन, उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन, राज्य के विभिन्न मंत्री, चेन्नई की महापौर आर. प्रिया और कई अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
साफ आसमान के कारण भारतीय वायुसेना के विमानों द्वारा किए गए लोमहर्षक हवाई शो का बेहतरीन नजारा देखने को मिला। रेतीले समुद्र तट पर एकत्र हुए लोगों ने दोपहर एक बजे शो के अंत में भारतीय वायुसेना के विमानों से हवाई फोटोग्राफी के लिए अपने छाते दिखाए।
हवाई प्रदर्शन में लगभग 72 विमानों ने भाग लिया, जिसे 'लिम्का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स' में दर्ज किया जाएगा।
सुपरसोनिक लड़ाकू विमान राफेल समेत करीब 50 लड़ाकू विमानों ने एक साथ मिलकर आसमान में विभिन्न रंगों की चमक बिखेरी। डकोटा और हार्वर्ड, तेजस, एसयू-30 और सारंग ने भी हवाई सलामी में हिस्सा लिया। सुखोई एसयू-30 ने भी अपने करतब दिखाए।
देश का गौरव और स्वदेश निर्मित अत्याधुनिक तेजस एवं हेलीकॉप्टर प्रचंड ने भी 21 साल के अंतराल के बाद चेन्नई में आयोजित हवाई प्रदर्शन में भाग लिया।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)











QuickLY