जरुरी जानकारी | तांबे पर 50 प्रतिशत शुल्क का भारतीय कंपनियों पर कोई प्रभाव नहीं : उद्योग जगत
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा तांबे पर प्रस्तावित 50 प्रतिशत आयात शुल्क का भारतीय कंपनियों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा क्योंकि देश में तांबे की कमी है। उद्योग जगत के एक विशेषज्ञ ने यह कहा है।
नयी दिल्ली, नौ जुलाई अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा तांबे पर प्रस्तावित 50 प्रतिशत आयात शुल्क का भारतीय कंपनियों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा क्योंकि देश में तांबे की कमी है। उद्योग जगत के एक विशेषज्ञ ने यह कहा है।
इसके अलावा, कोयला एवं खान मंत्री जी किशन रेड्डी ने बुधवार को कहा कि भारत तांबे पर अमेरिकी शुल्कों के प्रभाव पर चर्चा करेगा।
इंटरनेशनल कॉपर एसोसिएशन इंडिया के प्रबंध निदेशक मयूर करमरकर ने कहा, “भारत तांबे की कमी वाला देश है, और इसका निर्यात, वैसे भी, बहुत ज़्यादा नहीं है। कुल निर्यात में से, अमेरिका को होने वाला निर्यात लगभग 10,000 टन ही है।”
उन्होंने कहा कि प्रस्तावित शुल्क का भारतीय कंपनियों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसका कारण घरेलू मांग बहुत ज्यादा है, क्योंकि भारत नवीकरणीय ऊर्जा, इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) और कई अन्य तांबा-प्रधान क्षेत्रों पर ज़ोर दे रहा है।
ट्रंप ने इस्पात और एल्युमीनियम पर समान शुल्क लागू करने के बाद मंगलवार को तांबे पर 50 प्रतिशत शुल्क लगाने की घोषणा की।
जी किशन रेड्डी द्वारा शुक्रवार को जारी एक दृष्टि-पत्र में 2047 तक तांबे की मांग में छह गुना वृद्धि का अनुमान लगाया गया है और 2030 तक सालाना 50 लाख टन प्रगलन और शोधन क्षमता जोड़ने की योजना की रूपरेखा प्रस्तुत की गई है।
भारत संपूर्ण तांबा मूल्य शृंखला में तांबा उत्पादों का शुद्ध आयातक बना हुआ है; इसलिए, तांबे की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए भारत को मूल्य शृंखला में रणनीतिक पहल अपनाने की जरूरत है।
भारत ने 2023 में 10 लाख टन तांबा सांद्र आयात किया, जिसमें से एक महत्वपूर्ण हिस्सा कुछ मुट्ठी भर देशों से आया।
इंडोनेशिया भारत के तांबा अयस्क और सांद्र आयात में लगभग 27 प्रतिशत की हिस्सेदारी के साथ शीर्ष निर्यातक है। इसके बाद चिली 25 प्रतिशत के साथ दूसरे और पेरू 14 प्रतिशत की हिस्सेदारी के साथ तीसरे स्थान पर है। इसके अलावा, पनामा इन आयातों में नौ प्रतिशत का योगदान देता है।
सामूहिक रूप से, ये चार देश भारत के तांबा सांद्र आयात के लगभग 75 प्रतिशत के लिए ज़िम्मेदार हैं।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 09, 2025 06:24 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

