देश की खबरें | उप्र में बारिश से जुड़ी घटनाओं में 11 व्यक्तियों की मौत, कई जिलों में स्कूल बंद
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटे के दौरान बारिश से जुड़ी घटनाओं में 11 व्यक्तियों और 140 भेड़ों की मौत हो गई। लगातार बारिश ने सामान्य जनजीवन पर प्रतिकूल प्रभाव डाला, खासकर राज्य के कुछ जिलों में स्कूल दिनभर के लिए बंद कर दिए गए।
लखनऊ, 11 सितम्बर उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटे के दौरान बारिश से जुड़ी घटनाओं में 11 व्यक्तियों और 140 भेड़ों की मौत हो गई। लगातार बारिश ने सामान्य जनजीवन पर प्रतिकूल प्रभाव डाला, खासकर राज्य के कुछ जिलों में स्कूल दिनभर के लिए बंद कर दिए गए।
राहत आयुक्त कार्यालय के एक अधिकारी ने बताया कि पिछले 24 घंटे में भारी बारिश और डूबने से संबंधित घटनाओं में हरदोई में चार, कन्नौज में दो और देवरिया, कानपुर शहर, रामपुर, संभल और उन्नाव में एक-एक व्यक्ति की मौत हो गई।
पिछले 24 घंटे में प्रदेश के 22 जिलों मुरादाबाद, संभल, कन्नौज, रामपुर, हाथरस, बाराबंकी, कासगंज, बिजनौर, अमरोहा, बहराइच, लखनऊ, बदायूं, मैनपुरी, हरदोई, फिरोजाबाद, बरेली, शाहजहांपुर, कानपुर, सीतापुर, फर्रुखाबाद, लखीमपुर खीरी और फतेहपुर में 40 मिमी से अधिक बारिश हुई है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार पूर्वी उप्र में 14 सितंबर तक भारी बारिश होने की संभावना है जबकि 17 तारीख तक हल्की बारिश जारी रहेगी। अधिकारी ने कहा राज्य के पश्चिमी क्षेत्र में भी 17 तारीख तक बारिश और बौछारें पड़ने की संभावना है।
15 सितंबर तक राज्य में बिजली गिरने का भी अलर्ट जारी किया गया है।
रेलवे के एक अधिकारी ने बताया कि बाराबंकी में रेलवे ट्रैक पर पानी आ जाने से कई ट्रेन की आवाजाही प्रभावित हुई है।
अधिकारियों के आदेश पर स्कूल बंद हैं। लखनऊ में जिलाधिकारी सूर्य पाल गंगवार ने मौसम विभाग द्वारा जारी की गयी बिजली कड़कने के साथ भारी वर्षा की चेतावनी के दृष्टिगत सोमवार को बारहवीं तक के स्कूलों को बंद करने का आदेश दिया और लोगों को अनावश्यक रूप से बाहर ना निकलने की सलाह दी।
लखनऊ में सभी जिला स्तरीय अधिकारी क्षेत्र में हैं और बारिश से होने वाली समस्याओं का जायजा ले रहे हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि राज्य की राजधानी के विभिन्न हिस्सों में जलजमाव से उत्पन्न होने वाली समस्या पर तत्काल ध्यान दिया जा रहा है और सोमवार सुबह आठ बजे तक 24 घंटे में 99.9 मिमी बारिश दर्ज की गई है।
जिले के एक अधिकारी ने कहा कि शहरी इलाकों में नगर निगम की कई टीम और ग्रामीण इलाकों में एसडीएम के नेतृत्व वाली टीम तैनात हैं और लोगों की समस्याओं का समाधान कर रही हैं।
उन्होंने कहा कि इन इलाकों का दौरा करने के अलावा, गौशालाओं का भी निरीक्षण किया जा रहा है और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यवस्था की समीक्षा की जा रही है।
जिले के एक अधिकारी ने बताया कि व्यस्त गोमती नगर इलाके में यातायात को परिवर्तित करने की व्यवस्था करने के लिए वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे, जहां लगातार बारिश के कारण एक प्रमुख सड़क का एक हिस्सा ढह गया और वाहनों की सुचारु आवाजाही को सुविधाजनक बनाने के लिए यातायात परिवर्तन किया गया।
अधिकारी ने बताया कि राज्य की राजधानी के मोहनलालगंज तहसील के गनियार गांव से खबर है कि मुख्य सड़क पर एक पेड़ के उखड़ने से बिजली का खंभा टूट गया और तार सहित गिर गया। उन्होंने बताया कि उसी गांव में एक कच्चा घर आंशिक रूप से ढह गया, लेकिन कोई जनहानि नहीं हुई है।
लखीमपुर खीरी में सभी आठ तहसील क्षेत्रों में हुई भारी बारिश के बाद जिलाधिकारी महेंद्र बहादुर सिंह ने आठवीं तक के सभी स्कूलों को बंद करने का आदेश दिया है।
रविवार रात से लगातार हो रही बारिश के कारण कई शहरी और ग्रामीण इलाकों में मुख्य मार्गों और संपर्क मार्गों पर जलजमाव हो गया है। सभी सरकारी प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों के बीच निपुण मूल्यांकन परीक्षा सोमवार और मंगलवार को आयोजित होने वाली है। लखीमपुर के बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) प्रवीण तिवारी ने पत्रकारों को बताया कि निपुण मूल्यांकन परीक्षा स्थगित कर दी गयी।
उन्नाव से मिली खबर के अनुसार हसनगंज के उप जिलाधिकारी (एसडीएम) नवीन चंद्र ने बताया कि उन्नाव में कई स्थानों पर बिजली गिरने से हसनगंज तहसील में 140 भेड़ों की मौत हो गई।
राहत आयुक्त कार्यालय के अधिकारी ने बताया कि बलिया, बाराबंकी, बदायूं, फर्रुखाबाद, कासगंज, खीरी, कुशीनगर, मऊ, मेरठ और मुजफ्फरनगर जिलों में दस जिलों की 19 तहसीलें बाढ़ से प्रभावित हैं। 173 गांव और 55,982 की आबादी प्रभावित हुई है।
उन्होंने कहा कि कुछ जिलों में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की कई टीम को तैनात किया गया है और उन्हें हाई अलर्ट पर रखा गया है। भोजन के पैकेट और खाद्यान्न वितरण किया जा रहा है तथा पशुओं का टीकाकरण एवं चिकित्सा शिविर क्रियाशील हैं।
अधिकारी ने कहा, यदि कोई कृषि क्षति हुई है, तो उसका मूल्यांकन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शहरी इलाकों में भी जलजमाव की सूचना मिली है और उसे निकालने के प्रयास जारी हैं। फिलहाल राज्य में कोई भी नदी खतरे के स्तर से ऊपर नहीं बह रही है। लेकिन दो नदियों गंगा, बिजनौर में और सोन, मिर्जापुर (बाणसागर बांध) में वृद्धि की प्रवृत्ति देखी गई है।
आनन्द
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(The above story first appeared on LatestLY on Sep 11, 2023 04:34 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

