देश की खबरें | राजस्थान में अगले साल 10 हजार स्कूली शिक्षकों की भर्ती होगी: मुख्यमंत्री शर्मा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को विधानसभा में 10,000 स्कूली शिक्षकों एवं 4000 पटवारियों की भर्ती समेत कई घोषणाएं की जिसमें मुख्यमंत्री युवा रोजगार प्रोत्साहन योजना के तहत युवाओं को 10,000 रुपये की एकमुश्त सहायता राशि देना भी शामिल है।

जयपुर, 12 मार्च राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को विधानसभा में 10,000 स्कूली शिक्षकों एवं 4000 पटवारियों की भर्ती समेत कई घोषणाएं की जिसमें मुख्यमंत्री युवा रोजगार प्रोत्साहन योजना के तहत युवाओं को 10,000 रुपये की एकमुश्त सहायता राशि देना भी शामिल है।

शर्मा विधानसभा में वित्त तथा विनियोग विधेयक पर हुई चर्चा का जवाब दे रहे थे।

उन्होंने कहा कि शिक्षित बेरोजगार युवाओं को बेरोजगारी भत्ते के बजाय प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना के तहत काम करने के लिए 6,000 रुपये अर्जित करने का विकल्प दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने पिछली कांग्रेस सरकार में किए गए बड़ी परियोजनाओं के काम की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय समिति के गठन की भी घोषणा की।

विधानसभा ने वित्त और विनियोग विधेयक को ध्वनिमत से पारित कर दिया।

विधेयकों पर चर्चा का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार ने यमुना जल को राजस्थान में लाने के लिए संयुक्त ‘डीपीआर’ तैयार करने के लिए कार्यबल का गठन किया है।

‘राइजिंग राजस्थान समिट’ में हुए करार के बारे में उन्होंने कहा, ‘‘इस सम्मेलन में हुए समझौतों में से तीन लाख करोड़ रुपये के समझौते 30 मार्च तक क्रियान्वित हो जाएंगे।’’

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली कांग्रेस सरकार के आखिरी दिनों में भी एक निवेशक सम्मेलन हुआ था जिसमें 12.50 लाख करोड़ रुपये के करार हुए थे, जिनमें से केवल 30,000 करोड़ रुपये के समझौते ही क्रियान्वित हुए।

उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने अपनी इस सम्मेलन में 35 लाख करोड़ रुपये के समझौते किए जिनमें से दो लाख 24 हजार करोड़ रुपये के समझौते क्रियान्वित हो चुके हैं।

देश में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) द्वारा किए गए कार्यों की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘आरएसएस में काम करते हुए लोगों की तीन-चार पीढ़ियां गुजर जाती हैं। वे इस देश और समाज को दिशा देने के लिए निस्वार्थ भाव से काम कर रहे हैं।’’

उन्होंने कहा,‘‘अगर कोई देश और समाज की सेवा करने वाले ऐसे संगठन के बारे में ऐसी बातें कहता है, तो यह बहुत गलत है। दुनिया में ऐसा कोई संगठन नहीं है जो आरएसएस की बराबरी कर सके।’’

इससे पहले नेता प्रतिपक्ष टीका राम जूली ने राज्य सरकार पर आरएसएस के प्रभाव में नियमों में बदलाव करने का आरोप लगाया और संगठन को राजस्थान में भेदभाव मिटाने और दलितों के उत्थान की दिशा में वास्तविक काम करने की चुनौती दी।

जूली ने कहा,‘‘आरएसएस के इशारे पर कई नियम बदले गए। मैं आज अपील करता हूं कि आज अगर आरएसएस में हिम्मत है तो वे अभियान चलाएं कि वे राजस्थान में छुआछूत को खत्म करेंगे और दलितों को आगे लाने के लिए काम करेंगे।’’

उनकी टिप्पणी से विधानसभा में थोड़ी देर के लिए हंगामा हुआ।

विधानसभा में विनियोग विधेयक पर चर्चा के दौरान जूली ने खाटू श्याम जी और गोविंद देव जी जैसे महत्वपूर्ण धार्मिक स्थलों के विकास की उपेक्षा करने का आरोप लगाते हुए आईफा पुरस्कारों पर 100 करोड़ रुपये से अधिक खर्च करने के फैसले को लेकर सरकार पर हमला किया।

उन्होंने कार्यक्रम के लिए सात लाख रुपये के गोल्डन पास बांटे जाने की भी निंदा की और आरोप लगाया कि मंत्रियों को भी ये पास नहीं दिए गए।

जूली ने कहा, "कोई भी बड़ा बॉलीवुड स्टार आइफा कार्यक्रम में शामिल नहीं हुआ और वे जयपुर के किसी भी पर्यटक स्थल पर नहीं गए।"

उन्होंने कहा, "होली नजदीक आने के बावजूद दिवाली के लिए मिलने वाली पेंशन अब भी लंबित है। यह देरी गरीबों के प्रति सरकार की उदासीनता को दर्शाती है।"

जूली ने मुख्यमंत्री की आलोचना करते हुए कहा कि उन्होंने गरीबों के लिए मुख्यमंत्री आवास के दरवाजे बंद कर दिए हैं, लेकिन कुछ 'खास' लोगों के लिए खुले हैं।

सदन में चर्चा के बाद वित्त और विनियोग विधेयक को ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। विधानसभा की कार्यवाही 19 मार्च तक के लिए स्थगित कर दी गई।

पृथ्वी कुंज

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें