Coronavirus को लेकर चौंकाने वाला अध्ययन आया सामने, खुशी में ये कहने से भी फैल सकता है यह वायरस
स्वीडिश वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि हैप्पी बर्थडे गाते समय हम जिस तरह से 'पी' और 'बी' शब्द का उच्चारण करते हैं, उससे कोरोना वायरस फैल सकता है. वैज्ञानिकों ने हाल ही में हुए एक नए अध्ययय में यह दावा किया है. स्वीडन के बोफिंस में पाया गया है कि हैप्पी बर्थडे गाने से कोरोना वायरस फैल सकता है.
Coronavirus: अक्सर बर्थडे पार्टी (Birthday Party) पर लोग 'हैप्पी बर्थडे' (Happy Birthday) गाकर उस शख्स को बधाई देते हैं, जिसका जन्मदिन होता है. हालांकि कोरोना संकट (Corona Crisis) के इस दौर में वायरस के प्रसार को रोकने के लिए सार्वजनिक तौर पर ज्यादा लोगों को इकट्ठा होने की इजाजत नहीं है. इस बीच ऐसी खबर आ रही है जो वाकई चौंकाने वाली है. स्वीडिश वैज्ञानिकों (Swedish scientists) ने दावा किया है कि हैप्पी बर्थडे गाते समय हम जिस तरह से 'पी' और 'बी' शब्द का उच्चारण करते हैं, उससे कोरोना वायरस (Coronavirus) फैल सकता है. वैज्ञानिकों ने हाल ही में हुए एक नए अध्ययय में यह दावा किया है. स्वीडन के बोफिंस में पाया गया है कि हैप्पी बर्थडे गाने से कोरोना वायरस फैल सकता है. एक साथ अगर कई लोग हैप्पी बर्थडे गाते हैं तो इससे इस वायरस के संक्रमण का खतरा और भी ज्यादा बढ़ जाता है.
वैज्ञानिकों का दावा है कि हैप्पी बर्थडे गाते समय मुंह से जिस तरह से हैप्पी के 'पी' अक्षर और बर्थडे के 'बी' अक्षर का उच्चारण किया जाता है, उससे यह घातक वायरस फैल सकता है, क्योंकि इन अक्षरों के उच्चारण के दौरान हमारे मुंह से बड़े ड्रॉपलेट निकलते हैं जो हवा में फैल सकते हैं और दूसरों को संक्रमित कर सकते हैं.
स्वीडन के वैज्ञानिकों ने मुंह से निकलने वाले पार्टिकल्स का अध्ययन किया, ताकि वे इस बात को समझ सकें कि गाने से कैसे कोविड-19 का प्रसार हो सकता है? मेलऑनलाइन (MailOnline) की रिपोर्ट के मुताबिक, क्लासिक बर्थडे ट्यून को गाने से ढेर सारे ड्रॉपलेट मुंह से निकलते हैं और हवा में फैल जाते हैं. यह भी पढ़ें: Oxford-AstraZeneca COVID-19 Vaccine: कोरोना महामारी से निपटने के प्रयासों को बड़ा झटका, इस वजह से ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका कोविड-19 वैक्सीन के ट्रायल पर लगी अस्थायी रोक
शोधकर्ताओं ने एक साथ गाने और कोरोनों के प्रकोप के बीच के संबंध को जानने के लिए एक नया अध्ययन किया. लुंड विश्वविद्यालय (Lund University) में 12 स्वस्थ गायकों और वायरस से संक्रमित दो लोगों को एक साथ गाने के लिए कहा. उन्होंने बिब्बीस पिप्पी पेट्टर (Bibbis Pippi Petter) नाम का एक स्वीडिश धुन गाया, जिसे वापस दोहराया भी गया.
इसके बाद वैज्ञानिकों ने हाई स्पीड कैमरा, लैंप और अन्य उपकरणों के साथ यह देखने की कोशिश की कि गायन के समय इन लोगों ने कितने एयरोसोल और बड़े ड्रॉपलेट छोड़े हैं, जिसके बाद उन्होंने पाया कि गीत में बी और पी अक्षरों का उच्चारण जोखिम भरा है, क्योंकि यह अधिक ड्रॉपलेट्स को मुंह से रिलीज करता है. ऐसे में उन्होंने अपने इस नए अध्ययन में दावा किया है कि हैप्पी बर्थडे गाने से कोरोना वायरस का संक्रमण फैल सकता है.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 09, 2020 02:46 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

