Hair Problems Solution: बालों के लिए वरदान हैं भृंगराज से लेकर दही तक ये चीजें, वैज्ञानिकों ने भी लगाई मुहर
आज के समय में बालों की समस्याएं जैसे झड़ना, सफेद होना, रूसी और कमजोर होना आम हो गई हैं, जिनसे हर उम्र के लोग प्रभावित हो रहे हैं. इन समस्याओं के समाधान के लिए विज्ञान लगातार रिसर्च कर रहा है और कुछ प्राकृतिक चीजों को बालों के लिए बेहद लाभकारी पाया गया है.
नई दिल्ली, 13 अगस्त : आज के समय में बालों की समस्याएं जैसे झड़ना, सफेद होना, रूसी और कमजोर होना आम हो गई हैं, जिनसे हर उम्र के लोग प्रभावित हो रहे हैं. इन समस्याओं के समाधान के लिए विज्ञान लगातार रिसर्च कर रहा है और कुछ प्राकृतिक चीजों को बालों के लिए बेहद लाभकारी पाया गया है. खास बात यह है कि आयुर्वेद भी सदियों से इन्हीं प्राकृतिक चीजों, जैसे भृंगराज, अदरक, नीम और दही को बालों की देखभाल और स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद मानता आया है.
भृंगराज: आयुर्वेद में भृंगराज को 'केशराज' कहा गया है. औषधीय गुणों से युक्त यह एक ऐसा पौधा है जो विशेष रूप से बालों को काला, घना और मजबूत बनाने में कारगर माना जाता है. अमेरिकी नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन के मुताबिक, इसमें मौजूद प्रमुख तत्व जैसे वेडेलोलैक्टोन, ल्यूटियोलिन और एपिजेनिन बालों की जड़ों को पोषण देने और झड़ने की प्रक्रिया को रोकने में सहायक होते हैं. कई रिसर्च में पाया गया है कि भृंगराज बालों के छोटे-छोटे छिद्र को सक्रिय करता है और उनकी वृद्धि को बढ़ावा देता है. साथ ही यह सिर की त्वचा में ब्लड सर्कुलेशन को बढ़ाकर नए बालों के विकास में मदद करता है. यह भी पढ़ें : Health Benefits of Moringa: अर्थराइटिस-डायबिटीज जैसे समस्याओं में राहत दिलाता है मोरिंगा
अदरक: अदरक एक शक्तिशाली औषधि भी है. विज्ञान के मुताबिक, इसमें जिंजरोल नामक तत्व होता है, जो सिर की त्वचा में इंफ्लेमेशन और संक्रमण को कम करता है. इससे स्कैल्प का ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है, जिससे बालों की जड़ों को पोषण मिलता है और बाल झड़ना धीरे-धीरे कम होता जाता है. यह डैंड्रफ को भी कंट्रोल करता है, जो बाल झड़ने का एक बड़ा प्रमुख कारण है.
नीम: आयुर्वेद में नीम को प्राकृतिक जीवाणुनाशक, फंगलनाशक और सूजनरोधी गुणों के लिए जाना जाता है. बालों की समस्या जैसे डैंड्रफ, खुजली और फंगल इन्फेक्शन में नीम का तेल या पत्तों का लेप काफी राहत देता है. वैज्ञानिक रिसर्च भी इस बात की पुष्टि करती है कि नीम की पत्तियों में मौजूद क्वेर्सेटिन और निंबोलाइड जैसे तत्व स्कैल्प पर बैक्टीरियल और फंगल ग्रोथ को रोकते हैं, जिससे बाल स्वस्थ रहते हैं और उनका गिरना रुकता है.
दही: दही सिर्फ पेट के लिए ही नहीं बल्कि बालों के लिए भी बेहद लाभकारी है. इसमें मौजूद लैक्टिक एसिड और प्रोबायोटिक बैक्टीरिया स्कैल्प की खराब कोशिकाओं को हटाते हैं और बालों को प्राकृतिक रूप से कंडीशन करते हैं. विज्ञान कहता है कि दही के लैक्टिक एसिड बैक्टीरिया स्कैल्प माइक्रोबायोटा को बैलेंस करने में मदद करते हैं, जिससे डैंड्रफ, खुजली और इंफेक्शन में राहत मिलती है. इसके साथ ही दही में मौजूद प्रोटीन बालों को मजबूती देता है और उनमें चमक लाता है.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 13, 2025 11:25 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

