Uttarayan 2025 Wishes: उत्तरायण के इन हिंदी Quotes, WhatsApp Messages, Facebook Greeting को शेयर कर दोस्तों-रिश्तेदारों को दें शुभकामनाएं
उत्तरायण को बहुत शुभ और सकारात्मकता का प्रतीक माना जाता है, क्योंकि उत्तरायण से देवताओं के दिन की शुरुआत होती है और इस समय सूर्य की रोशनी अधिक समय तक पृथ्वी पर रहती है, जबकि दक्षिणायन को देवताओं के लिए रात कहा जाता है. उत्तरायण के मौके पर आप इन हिंदी विशेज, कोट्स, वॉट्सऐप मैसेजेस, फेसबुक ग्रीटिंग्स को शेयर कर दोस्तों-रिश्तेदारों को इस पर्व की शुभकामनाएं दे सकते हैं.
Uttarayan 2025 Wishes In Hindi: इस साल उत्तरायण यानी मकर संक्रांति (Makar Sankranti) का पर्व 14 जनवरी 2025 को मनाया जा रहा है. फसलों को समर्पित इस त्योहार को नए साल का पहला पर्व माना जाता है, जिसे देश के विभिन्न हिस्सों में अलग-अलग नामों से जाना जाता है. गुजरात (Gujarat) में मकर संक्रांति को उत्तरायण (Uttarayan) के नाम से मनाया जाता है, जिसका हिंदू धर्म में विशेष महत्व बताया जाता है. दरअसल, जब नवग्रहों के राजा सूर्य देव धनु राशि से निकलकर अपने पुत्र शनि देव की राशि मकर में प्रवेश करते हैं, तब मकर संक्रांति का त्योहार देशभर में धूमधाम से मनाया जाता है. दरअसल, जब तक सूर्य देव कर्क से धनु राशि में रहते हैं, तब तक वो दक्षिणायन (Dakshinayan) होते हैं और जब सूर्य देव मकर से मिथुन राशि में रहते हैं तो इस समय वो पृथ्वी के उत्तरी गोलार्ध की ओर गति करते हैं, जिसे उत्तरायण कहते हैं.
हिंदू धर्म में उत्तरायण को बहुत शुभ और सकारात्मकता का प्रतीक माना जाता है, क्योंकि उत्तरायण से देवताओं के दिन की शुरुआत होती है और इस समय सूर्य की रोशनी अधिक समय तक पृथ्वी पर रहती है, जबकि दक्षिणायन को देवताओं के लिए रात कहा जाता है. उत्तरायण के मौके पर आप इन हिंदी विशेज, कोट्स, वॉट्सऐप मैसेजेस, फेसबुक ग्रीटिंग्स को शेयर कर दोस्तों-रिश्तेदारों को इस पर्व की शुभकामनाएं दे सकते हैं.





गौरतलब है कि मकर संक्रांति पर सूर्य देव का मकर राशि में गोचर करना अंधकार से प्रकाश की ओर अग्रसर होना माना जाता है, इसलिए मकर संक्रांति के दिन सूर्य देव की विशेष पूजा की जाती है. जब सूर्य उत्तरायण यानी उत्तरी गोलार्ध में होते हैं तो दिन बड़े होने लगते हैं और सूर्य का प्रकाश अधिक मात्रा में हमें प्राप्त होता है. उत्तरायण सूर्य के प्रकाश की वजह से फसलें पकती हैं, समुद्र का पानी भाप बनकर उड़ता है, जिससे बारिश होती है, इसलिए सूर्य का उत्तरी गोलार्ध में आना हिंदू धर्म में काफी शुभ माना जाता है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 13, 2025 03:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

