Kali Chaudas 2024 Wishes: काली चौदस की इन भक्तिमय हिंदी WhatsApp Messages, Quotes, Facebook Greetings के जरिए दें अपनों को शुभकामनाएं
काली चौदस के पर्व को पश्चिम बंगाल में मां काली के जन्मदिन के तौर पर मनाया जाता है. कहा जाता है कि दस महाविद्याओं में शुमार मां काली की पूजा करने से भक्तों को बुरी शक्तियों से लड़ने की ताकत मिलती है और मां स्वंय अपने भक्तों की रक्षा करती हैं. काली चौदस पर आप इन भक्तिमय हिंदी विशेज, वॉट्सऐप मैसेजेस, कोट्स, फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए अपनों को प्यार भरी शुभकामनाएं दे सकते हैं.
Kali Chaudas 2024 Wishes in Hindi: पांच दिवसीय दिवाली उत्सव के दूसरे दिन और लक्ष्मी पूजन से ठीक एक दिन पहले छोटी दिवाली (Chhoti Diwali) मनाई जाती है, जिसे काली चौदस (Kali Chaudas), नरक चतुर्दशी (Narak Chaturdashi), रूप चौदस (Roop Chaudas), भूत चतुर्दशी (Bhoot Chaturdashi) और यम चतुर्दशी (Yam Chaturdashi) जैसे कई नामों से जाना जाता है. हिंदू पंचांग के अनुसार, हर साल कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को काली चौदस का पर्व मनाया जाता है, मां काली को समर्पित यह पर्व इस साल 30 अक्टूबर 2024 को मनाया जा रहा है. इस दिन रात के समय खासकर निशिथ काल में मां महाकाली की पूजा की जाती है. ऐसी मान्यता है कि काली चौदस पर मां पार्वती के काली स्वरूप की उपासना कर उनका आशीर्वाद लेने पर जीवन से सभी प्रकार की नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और शत्रुओं पर विजय की प्राप्ति होती है.
काली चौदस के पर्व को पश्चिम बंगाल में मां काली के जन्मदिन के तौर पर मनाया जाता है. कहा जाता है कि दस महाविद्याओं में शुमार मां काली की पूजा करने से भक्तों को बुरी शक्तियों से लड़ने की ताकत मिलती है और मां स्वंय अपने भक्तों की रक्षा करती हैं. काली चौदस पर आप इन भक्तिमय हिंदी विशेज, वॉट्सऐप मैसेजेस, कोट्स, फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए अपनों को प्यार भरी शुभकामनाएं दे सकते हैं.





मां काली के स्वरूप की बात करें तो उन्हें मां पार्वती का उग्र स्वरूप माना जाता है. उग्र स्वभाव वाली मां काली ने संसार की रक्षा करने के लिए कई असुरों का नाश किया, इसलिए काली चौदस को बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक के तौर पर भी मनाया जाता है. इस दिन भक्त मां काली की पूजा करके उनसे बुरी शक्तियों और अधंकार से रक्षा करने की प्रार्थना करते हैं. मां काली को शक्ति और विनाश की देवी माना जाता है, जो सदैव बुराई का अंत करती हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 29, 2024 02:30 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

