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UP: योगी सरकार ने हर जरूरतमंद के लिए तैयार किया रैन बसेरों का मजबूत तंत्र

कड़ाके की सर्दी में अब कोई भी व्यक्ति खुले आसमान के नीचे सोने को मजबूर नहीं होगा. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर पूरे प्रदेश में रैन बसेरों और आश्रय स्थलों की सुविधाओं को लगातार सुदृढ़ किया जा रहा है. इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य ठंड के प्रकोप से हर जरूरतमंद व्यक्ति को बचाना और उनके लिए सुरक्षित व गरिमामय आश्रय प्रदान करना है.

UP: योगी सरकार ने हर जरूरतमंद के लिए तैयार किया रैन बसेरों का मजबूत तंत्र
Photo- X/@myogiadityanath

लखनऊ, 4 जनवरी : कड़ाके की सर्दी में अब कोई भी व्यक्ति खुले आसमान के नीचे सोने को मजबूर नहीं होगा. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर पूरे प्रदेश में रैन बसेरों और आश्रय स्थलों की सुविधाओं को लगातार सुदृढ़ किया जा रहा है. इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य ठंड के प्रकोप से हर जरूरतमंद व्यक्ति को बचाना और उनके लिए सुरक्षित व गरिमामय आश्रय प्रदान करना है.

मुख्यमंत्री योगी ने स्पष्ट रूप से निर्देश दिया है कि रैन बसेरों का संचालन पूरी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ किया जाए. उन्होंने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का आदेश दिया है कि कोई भी व्यक्ति खुले आसमान, डिवाइडर, सड़क की पटरी या पार्कों में सोने को मजबूर न हो. यह भी पढ़ें : Delhi: लड़कियों को ब्लैकमेल करने वाले आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार

प्रदेश में अब तक 1240 रैन बसेरों और आश्रय स्थलों को विकसित किया गया है, जहां ठंड से बचने के लिए सभी आवश्यक संसाधन मौजूद हैं. इसके साथ ही, तीन लाख से अधिक कंबल वितरित किए जा चुके हैं. मुख्यमंत्री योगी ने यह भी निर्देश दिया है कि जरूरतमंदों तक कम्बल पहुंचाने में कोई कोताही न बरती जाए.

रैन बसेरों में महिलाओं की सुरक्षा और उनकी जरूरतों का विशेष ध्यान रखा गया है. आश्रय स्थलों में पर्याप्त रोशनी, स्वच्छता और अलाव की व्यवस्था की गई है. यह सुनिश्चित किया गया है कि महिलाएं रैन बसेरों में सुरक्षित महसूस करें और उनकी सभी आवश्यकताओं का ख्याल रखा जाए. अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि रैन बसेरों की स्थिति और अलाव की व्यवस्था की तकनीकी मॉनिटरिंग की जाए. राहत आयुक्त कार्यालय में स्थापित कंट्रोल रूम से रैन बसेरों, अलाव और कंबल वितरण की स्थिति पर सीधे संवाद किया जा रहा है. फीडबैक के आधार पर कमियों को तुरंत दूर करने का आदेश दिया गया है.

योगी सरकार ने रैन बसेरों की जानकारी आम जन तक पहुंचाने के लिए नगर निगम को विशेष निर्देश दिए हैं. प्रत्येक जोन में रैन बसेरों की विस्तृत सूची प्रदर्शित की जा रही है. इसके अलावा, बस अड्डों और प्रमुख स्थलों पर लगे डिजिटल स्क्रीन पर भी रैन बसेरों की जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है. इससे लोगों को आसानी से निकटतम रैन बसेरों की जानकारी मिल सकेगी. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर प्रदेश के सभी जिलों को ठंड से निपटने के लिए पर्याप्त बजट का आवंटन किया गया है. जिलाधिकारियों और नगर आयुक्तों को रैन बसेरों और अलाव की व्यवस्था का नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए हैं.

जिलाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे रैन बसेरों पर जाकर जरूरतमंदों से बातचीत करें और उनके अनुभवों के आधार पर सुधारात्मक कदम उठाएं. उन्होंने यह सुनिश्चित करने का आदेश दिया कि रैन बसेरों में स्वच्छता और गरिमामय माहौल बना रहे. इसके अलावा, स्थान-स्थान पर जलाए जा रहे अलाव की स्थिति पर निगरानी के लिए तकनीकी सहायता का उपयोग किया जा रहा है. योगी सरकार की इन ठोस पहलों ने सर्दी के मौसम में रैन बसेरों और आश्रय स्थलों को जरूरतमंदों के लिए एक सुरक्षित और सशक्त तंत्र बना दिया है.

(The above story first appeared on LatestLY on Jan 04, 2025 04:21 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).