Chirag Paswan Threat: केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान को मिली जान से मारने की धमकी, पत्र में 'कट्टर आतंकियों' का जिक्र; गृह मंत्रालय और CRPF अलर्ट
केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान को डाक के जरिए भेजे गए एक गुमनाम पत्र में जान से मारने की धमकी मिली है. केंद्रीय मंत्री के कार्यालय ने मामले को गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय गृह मंत्रालय, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, सीआरपीएफ और बिहार सरकार को पत्र लिखकर सुरक्षा की समीक्षा और त्वरित जांच की मांग की है.
नई दिल्ली: केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) (Union Minister and Lok Janshakti Party) (Ram Vilas) के प्रमुख चिराग पासवान (Chirag Paswan) को डाक के माध्यम से एक गुमनाम धमकी भरा पत्र प्राप्त हुआ है. इस पत्र में उन्हें सीधे तौर पर जान से मारने की धमकी दी गई है और दावा किया गया है कि "कट्टर आतंकवादी" जल्द ही उनकी हत्या कर देंगे.
इस गंभीर मामले को लेकर केंद्रीय मंत्री के कार्यालय ने तुरंत संज्ञान लिया और केंद्रीय गृह मंत्रालय, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) और बिहार सरकार को पत्र भेजकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी है. यह भी पढ़ें: हमारे लोगों के खून की एक-एक बूंद का बदला लिया जाएगा, पानी की बूंद को भी तरसेगा पाकिस्तान: चिराग पासवान
डाक से आए गुमनाम पत्र में दो मोबाइल नंबरों का उल्लेख
चिराग पासवान के अतिरिक्त निजी सचिव (Additional Private Secretary) आलोक कुमार सिंह द्वारा केंद्रीय गृह सचिव को भेजे गए पत्र के अनुसार, मंगलवार को खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय में यह बिना हस्ताक्षर वाला पत्र प्राप्त हुआ.
पत्र में उल्लिखित मुख्य धमकी भरा अंश था: "You will be killed shortly by hardcore terrorists" (जल्द ही कट्टर आतंकवादियों द्वारा आपकी हत्या कर दी जाएगी). पत्र के साथ दो मोबाइल नंबर भी दर्ज किए गए हैं. मंत्री के कार्यालय ने पत्र की गंभीरता और आतंकी संदर्भ को देखते हुए इसे अत्यंत चिंताजनक बताते हुए सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने का आग्रह किया है.
जांच में जुटीं सुरक्षा एजेंसियां और गृह मंत्रालय
पत्र मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया गया है:
- पत्र के स्रोत की जांच: सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने में जुट गई हैं कि पत्र कहां से पोस्ट किया गया था और इसमें दर्ज मोबाइल नंबर किन व्यक्तियों के नाम पर पंजीकृत हैं.
- आतंकी एंगल का सत्यापन: पत्र में प्रयुक्त "कट्टर आतंकवादी" शब्द किसी ज्ञात आतंकी गिरोह से संबंधित है या यह किसी शरारती तत्व की करतूत है, इसकी प्रामाणिकता की पड़ताल की जा रही है.
Z-Plus सुरक्षा के बीच सुरक्षा समीक्षा की मांग
चिराग पासवान को वर्तमान में देशव्यापी स्तर पर जेड-प्लस (Z-Plus) सुरक्षा कवच प्राप्त है. हालांकि, उनके व्यस्त सार्वजनिक कार्यक्रमों और आगामी राजनीतिक गतिविधियों को देखते हुए उनके कार्यालय ने खतरे के आकलन (Threat Perception) के आधार पर सुरक्षा व्यवस्था की उच्च स्तरीय समीक्षा और उसे बढ़ाने की मांग की है.
पहले भी मिल चुकी हैं सोशल मीडिया पर धमकियां
यह पहली बार नहीं है जब चिराग पासवान को इस प्रकार की धमकी मिली हो. इससे पहले जुलाई 2025 में बिहार विधानसभा चुनावों की तैयारियों के दौरान उन्हें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए जान से मारने और बम से उड़ाने की धमकी मिली थी. उस समय उनकी पार्टी की ओर से पटना के साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में औपचारिक प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराई गई थी.
फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां इस नए डाक पत्र की फॉरेंसिक और तकनीकी जांच कर रही हैं.