Telangana Shocker: तेलंगाना के वारंगल में राजनीतिक रंजिश में कांग्रेस कार्यकर्ता की पेट्रोल छिड़ककर हत्या, साथी कार्यकर्ताओं पर लगे आरोप; VIDEO

Telangana Shocker:  तेलंगाना के वारंगल शहर के बाहरी इलाके में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है. 26 वर्षों से कांग्रेस पार्टी के लिए काम कर रहे 52 वर्षीय वरिष्ठ कार्यकर्ता ए. महेश पर उनके ही पार्टी के सहयोगियों ने हमला कर दिया. आपसी कहासुनी के बाद महेश पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई. गंभीर रूप से झुलसे महेश की हैदराबाद के अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही मौत हो गई.

बहस के बाद लगाई आग

गीसुगोंडा पुलिस के अनुसार, शनिवार रात लगभग 8:30 बजे महेश को पार्टी कार्यकर्ता जन्‍नु मधु ने कोटिलिंगला मंदिर के पास एक सुनसान जगह पर मिलने के लिए बुलाया था. वहाँ पहले से ही कांग्रेस कार्यकर्ता और हिस्ट्रीशीटर पत्री कुमार अपने एक अन्य साथी के साथ मौजूद था.

रंजिश में कांग्रेस कार्यकर्ता की पेट्रोल छिड़ककर हत्या

बातचीत के दौरान पत्री कुमार ने महेश पर वर्धन्नापेट के विधायक के.आर. नागराजू के पास उसकी शिकायतें करने का आरोप लगाया. विवाद बढ़ने पर आरोपी ने महेश का मोबाइल फोन छीन लिया और उन पर पेट्रोल उड़ेलकर आग लगा दी.

मरने से पहले रिकॉर्ड किया वीडियो बयान

हमले के बाद महेश चीखते हुए पास की बस्ती की ओर भागे, जहाँ स्थानीय निवासियों ने आग बुझाई. आपातकालीन सेवाओं के पहुँचने से पहले महेश के अनुरोध पर स्थानीय लोगों ने उनका एक वीडियो बयान रिकॉर्ड किया.

इस वीडियो में महेश ने पत्री कुमार को मुख्य हमलावर बताया और कहा कि उन्होंने सालों तक पार्टी को मजबूत करने के लिए काम किया, लेकिन अपराधी प्रवृत्ति के लोग वरिष्ठ कार्यकर्ताओं के खिलाफ साजिश रच रहे हैं. उन्होंने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की माँग की और सरकार से अपने परिवार की मदद करने की अपील की.

हैदराबाद ले जाते समय तोड़ा दम

घटना के बाद पुलिस ने महेश को तत्काल वारंगल के एमजीएम अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें 50% से अधिक झुलसा हुआ पाया. हालत गंभीर होने के कारण उन्हें हैदराबाद के बेहतर अस्पताल में रेफर किया गया, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया.

पुलिस रिकॉर्ड से पता चला है कि मुख्य आरोपी पत्री कुमार 2018 के एक हत्या के मामले में दोषी ठहराया जा चुका था और 2021 में उसे उम्रकैद की सजा मिली थी. उच्च न्यायालय से सशर्त जमानत मिलने के बाद वह चार महीने पहले ही जेल से बाहर आया था और फिर से राजनीतिक गतिविधियों में सक्रिय हो गया था. गीसुगोंडा पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए तलाश शुरू कर दी है.