New LPG Connection: नए गैस कनेक्शन पर अभी जारी रहेगी रोक; जानिए कब शुरू होगी बुकिंग और क्या हैं उपभोक्ताओं के लिए विकल्प
पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) में जारी तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास उत्पन्न आपूर्ति बाधाओं के बीच भारत में घरेलू एलपीजी गैस के नए कनेक्शन पर रोक जारी है। तेल विपणन कंपनियों ने मार्च 2026 से ही 14.2 किलोग्राम वाले सामान्य घरेलू सिलेंडरों के नए कनेक्शन की बुकिंग रोक रखी है। केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि यह एक अस्थायी व्यवस्था है और मौजूदा समय में मौजूदा उपभोक्ताओं को बिना रुकावट गैस रिफिल उपलब्ध कराने और ई-केवाईसी सत्यापन को प्राथमिकता दी जा रही है.
नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और आपूर्ति श्रृंखला में अनिश्चितता के कारण देशभर में नए घरेलू एलपीजी गैस कनेक्शन (14.2 किलोग्राम) की बुकिंग पर अस्थाई रोक बनी हुई है. राजधानी दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, बेंगलुरु और चेन्नई सहित देश के प्रमुख शहरों में गैस वितरक नए आवेदनों को स्वीकार नहीं कर रहे हैं.
सरकार और तेल विपणन कंपनियों (IOCL, BPCL, HPCL) का पूरा ध्यान इस समय मौजूदा घरेलू उपभोक्ताओं को बिना किसी रुकावट के गैस सिलेंडरों की नियमित डिलीवरी सुनिश्चित कराने पर केंद्रित है. यह भी पढ़ें: LPG e-KYC Deadline: एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए आज ई-केवाईसी कराने का अंतिम मौका, जानें ऑनलाइन सत्यापन की पूरी प्रक्रिया
मार्च 2026 से नए कनेक्शन पर रोक, ई-केवाईसी पर जोर
गैस कंपनियों के अनुसार, मार्च 2026 से 14.2 किलोग्राम वाले नियमित घरेलू सिलेंडरों का नया आवंटन रोक दिया गया है:
- मौजूदा ग्राहकों को प्राथमिकता: वर्तमान में केवल पुराने उपभोक्ताओं को रिफिल सिलेंडर दिए जा रहे हैं या पूर्व में निलंबित किए गए खातों को दोबारा चालू किया जा रहा है.
- फर्जी कनेक्शनों पर कार्रवाई: तेल कंपनियां अनिवार्य ई-केवाईसी (e-KYC) सत्यापन अभियान तेज कर रही हैं ताकि डुप्लीकेट, अपात्र और फर्जी गैस कनेक्शनों को डेटाबेस से बाहर किया जा सके.
पेट्रोलियम मंत्रालय का बयान: कब शुरू होगी नई बुकिंग?
सोशल मीडिया और शिकायत निवारण मंच पर स्थिति स्पष्ट करते हुए केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा कि मौजूदा वैश्विक हालात को देखते हुए नए कनेक्शनों को अस्थायी रूप से होल्ड पर रखा गया है. मंत्रालय के अनुसार:
"भू-राजनीतिक परिस्थितियों के चलते नए एलपीजी कनेक्शन जारी करने पर अस्थायी रोक लगाई गई है.वर्तमान में वितरक मौजूदा उपभोक्ताओं को निर्बाध आपूर्ति देने को प्राथमिकता दे रहे हैं. जैसे ही अंतरराष्ट्रीय स्थिति सामान्य होगी, नए कनेक्शन देने की प्रक्रिया दोबारा शुरू कर दी जाएगी."
फेडरेशन ऑफ एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर्स ऑफ इंडिया (FLDI) के अनुसार, वर्तमान में घरेलू आपूर्ति की स्थिति स्थिर है, लेकिन पश्चिम एशिया के संकट के चलते लंबी अवधि के जहाजी कार्गो की उपलब्धता पर अनिश्चितता बनी हुई है.
अमेरिका से बढ़ी गैस खरीद, लेकिन लागत अधिक
ऊर्जा संकट से निपटने के लिए भारत ने अपनी आयात रणनीति में बड़ा बदलाव किया है:
- होर्मुज संकट का असर: पश्चिम एशिया संकट से पहले भारत अपनी जरूरत का 60% एलपीजी आयात करता था, जिसका 90% हिस्सा होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर आता था.
- अमेरिका बना प्रमुख स्रोत: खाड़ी देशों से आपूर्ति घटने के बाद भारत अब अपनी एलपीजी जरूरतों का बड़ा हिस्सा अमेरिका से आयात कर रहा है. हालांकि, समुद्री मार्ग लंबा होने के कारण अमेरिकी गैस खाड़ी देशों की तुलना में अधिक खर्चीली पड़ रही है.
नया कनेक्शन न मिलने पर उपभोक्ताओं के पास क्या हैं विकल्प?
जब तक 14.2 किलो वाले घरेलू सिलेंडर की सामान्य बुकिंग फिर से शुरू नहीं होती, तब तक वितरक ग्राहकों को वैकल्पिक साधनों की सलाह दे रहे हैं:
- 5 किग्रा फ्री-ट्रेड (FTL) सिलेंडर: इसे बिना किसी लंबे दस्तावेज सत्यापन के आसानी से खरीदा और रिफिल कराया जा सकता है.
- 10 किग्रा कंपोजिट सिलेंडर: प्रमुख शहरी केंद्रों में हल्के और पारदर्शी 10 किलो वाले कंपोजिट सिलेंडरों की उपलब्धता बढ़ाई गई है.
उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि वे नए कनेक्शन की बहाली के संबंध में अपने नजदीकी अधिकृत गैस वितरक और तेल कंपनियों की आधिकारिक वेबसाइटों से नियमित अपडेट लेते रहें.