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महाराष्ट्र में सियासी उठापटक तेज, लेकिन कहां गायब हैं शरद पवार के करीबी प्रफुल्ल पटेल!

महाराष्ट्र में अजीत पवार की अगुवाई में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के विधायकों को फिर से शरद पवार के समर्थन में लाने के राजनीतिक उठापटक व व्यस्तता के बीच शरद पवार के करीबी सहयोगी प्रफुल्ल पटेल राजनीतिक परिदृश्य में सक्रिय नहीं दिख रहे हैं. प्रफुल्ल पटेल ट्विटर पर पिछले दो दिनों से सक्रिय नहीं है. उन्होंने शुक्रवार को फुटबॉल को लेकर ट्वीट किया था, लेकिन इसके बाद उन्होंने अजीत पवार के पार्टी से विद्रोह पर कुछ नहीं कहा. अजीत पवार को मनाने की तीन कोशिशें नाकाम साबित हुई हैं. इसमें दो शनिवार को की गईं, जिसमें दिलीप वलसे पाटिल और हसन मुशरीफ ने उनसे मुलाकात की थी. ऐसी बातचीत के लिए शरद पवार पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल पर ज्यादा निर्भर रहते हैं. प्रफुल पटेल एयर इंडिया घोटाले में जांच का सामना कर रहे हैं.

महाराष्ट्र में सियासी उठापटक तेज, लेकिन कहां गायब हैं शरद पवार के करीबी प्रफुल्ल पटेल!
प्रफुल्ल पटेल और शरद पवार ( फोटो क्रेडिट- आईएएनएस )

महाराष्ट्र में अजीत पवार की अगुवाई में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के विधायकों को फिर से शरद पवार के समर्थन में लाने के राजनीतिक उठापटक व व्यस्तता के बीच शरद पवार के करीबी सहयोगी प्रफुल्ल पटेल राजनीतिक परिदृश्य में सक्रिय नहीं दिख रहे हैं. प्रफुल्ल पटेल ट्विटर पर पिछले दो दिनों से सक्रिय नहीं है. उन्होंने शुक्रवार को फुटबॉल को लेकर ट्वीट किया था, लेकिन इसके बाद उन्होंने अजीत पवार के पार्टी से विद्रोह पर कुछ नहीं कहा. अजीत पवार को मनाने की तीन कोशिशें नाकाम साबित हुई हैं. इसमें दो शनिवार को की गईं, जिसमें दिलीप वलसे पाटिल और हसन मुशरीफ ने उनसे मुलाकात की थी. ऐसी बातचीत के लिए शरद पवार पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल पर ज्यादा निर्भर रहते हैं. प्रफुल पटेल एयर इंडिया घोटाले में जांच का सामना कर रहे हैं.

एनसीपी के एक सूत्र ने कहा है कि घोटाले में जांच से बचने के लिए वह शांत हैं. जबकि एक अन्य व्यक्ति ने नाम नहीं जाहिर करने की शर्त पर कहा कि जब शरद पवार खुद सारा मामला संभाल रहे हैं तो किसी और की क्या जरूरत है. वहीं पार्टी के कुछ लोगों का कहना है कि प्रफुल्ल पटेल को अजीत पवार के विद्रोह की भनक लगी थी लेकिन उन्होंने पार्टी को समय पर सूचित नहीं किया। राकांपा नेता उन्हें लेकर चौकन्ना हैं. राकांपा के प्रवक्ता नवाब मलिक ने पहले कहा कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को फ्लोर टेस्ट पर जोर देने के बजाय इस्तीफा दे देना चाहिए. यह भी पढ़ें:- अजित पवार के उपमुख्यमंत्री बनने के 2 दिन बाद 9 बड़े मामलों में बंद हुई जांच? कांग्रेस ने मोदी सरकार पर किया हमला.

मलिक ने कहा कि जहां तक विधायकों का संबंध हैं, पांच विधायक संपर्क में नहीं थे. उनमें से दो वापस आ गए हैं. तीसरे विधायक ने वीडियो के माध्यम से अपना संदेश भेजा है. हमारे सभी विधायक आज शाम तक वापस आ जाएंगे. मलिक ने आरोप लगाया कि महाराष्ट्र सरकार के पास पर्याप्त विधायकों का समर्थन नहीं है. उन्होंने कहा, हम चाहते हैं कि देवेंद्रजी इस्तीफा दें. अगर वह इस्तीफा नहीं देते हैं तो हम निश्चित तौर पर सरकार को विधानसभा में हराएंगे और नई सरकार बनाएंगे.

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 25, 2019 05:48 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).