Ravi Shankar Prasad On P Chidambaram: पी चिदंबरम के 'दिमागी नक्सली होने पर गर्व' वाले बयान पर भड़के रविशंकर प्रसाद, कहीं यह बात
बीजेपी सांसद रविशंकर प्रसाद ने पी. चिदंबरम के 'दिमागी नक्सली होने पर गर्व' वाले बयान की कड़ी आलोचना करते हुए इसे शर्मनाक और अशोभनीय बताया. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बयान 'अर्बन नक्सल' मानसिकता को लेकर था.
Ravi Shankar Prasad On P Chidambaram: भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ नेता और सांसद रविशंकर प्रसाद ने रविवार को कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम पर तीखा हमला बोला. उन्होंने चिदंबरम के 'दिमागी नक्सली होने पर गर्व' वाले बयान को "शर्मनाक, अशोभनीय और निंदनीय" करार दिया. पटना में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि एक पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री होने के बावजूद चिदंबरम का ऐसा बयान बेहद गैर-जिम्मेदाराना है. ‘दिमागी नक्सली’ बयान पर सियासत तेज, किरेन रिजिजू ने दी सफाई, पी चिदंबरम बोले- 'मुझे दिमागी नक्सली होने पर गर्व'
'पीएम मोदी ने अर्बन नक्सल मानसिकता की बात की थी'
रविशंकर प्रसाद ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने स्वतंत्रता दिवस भाषण में 'दिमागी नक्सल' शब्द का इस्तेमाल उन लोगों के लिए किया था जो माओवादी विचारधारा का वैचारिक समर्थन करते हैं.
उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री का इशारा उन तथाकथित अर्बन नक्सल्स की ओर था, जो माओवादी हिंसा को बौद्धिक समर्थन देते हैं, उनके पक्ष में माहौल बनाते हैं और संविधान में विश्वास नहीं रखते. आखिर चिदंबरम किस बात पर गर्व महसूस कर रहे हैं?"
'क्या आप भी उसी रास्ते पर हैं?'
बीजेपी नेता ने सवाल उठाते हुए कहा कि चिदंबरम जैसे वरिष्ठ नेता प्रधानमंत्री के बयान का संदर्भ अच्छी तरह समझते हैं, फिर भी उन्होंने जानबूझकर उसका गलत अर्थ निकाला.
उन्होंने कहा, "आप इतनी अच्छी अंग्रेजी बोलते हैं, क्या आपको प्रधानमंत्री की बात समझ नहीं आई? या फिर आपने जानबूझकर उसका गलत मतलब निकाला? क्या आप भी उसी विचारधारा का समर्थन कर रहे हैं?"
कांग्रेस पर भी साधा निशाना
रविशंकर प्रसाद ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सत्ता की राजनीति के लिए माओवादी और नक्सली विचारधारा के प्रति नरम रुख अपनाती रही है. उन्होंने कहा कि यह बयान कांग्रेस की मानसिकता को उजागर करता है.
क्या था पी चिदंबरम का बयान?
दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले से अपने संबोधन में लोगों से 'दिमागी नक्सल' मानसिकता वाले लोगों की पहचान कर उन्हें अलग-थलग करने की अपील की थी. इसके एक दिन बाद कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए लिखा, "I am proud to be a dimagi naxal!" यानी "मुझे दिमागी नक्सली होने पर गर्व है." इसके बाद दोनों दलों के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई.