रायगढ़ के करजत में खस्ताहाल सड़कों को लेकर छात्राओं का अनोखा प्रदर्शन, छाते को बनाया माइक और गड्ढों पर की रिपोर्टिंग; देखें VIDEO

महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के करजत में 10वीं कक्षा की तीन छात्राओं का एक वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तेजी से वायरल हो रहा है. छात्राओं ने छाते को माइक बनाकर टूटी सड़कों और गड्ढों पर ग्राउंड रिपोर्टिंग के अंदाज में आवाज उठाई.

(Photo Credits Vioce Box

रायगढ़. महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के करजत से एक अनोखा मामला सामने आया है. यहां 10वीं कक्षा में पढ़ने वाली तीन छात्राओं-नेहा घारे, ज्योत्सना मुकणे और मानसी पवार—ने इलाके की खस्ताहाल सड़कों और जानलेवा गड्ढों की ओर प्रशासन का ध्यान खींचने के लिए एक अनूठा रास्ता अपनाया. छात्राओं ने बारिश के छाते को माइक बनाकर एक न्यूज रिपोर्टर की तरह सड़क की बदहाली पर रिपोर्टिंग की, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर तेजी से वायरल हो रहा है.

छात्राओं का यह विरोध न केवल स्थानीय लोगों का ध्यान आकर्षित कर रहा है, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रहा है.  यह भी पढ़े:  Beef Ban in Canteen: अनोखा प्रदर्शन! केरल में कैनरा बैंक मैनेजर ने कैंटीन में बीफ पर लगाया प्रतिबंध, कर्मचारियों ने ऑफिस के बाहर की बीफ पार्टी; VIDEO वायरल

सोशल मीडिया पर क्यों वायरल हो रहा है वीडियो?

वायरल वीडियो में छात्राएं बिल्कुल किसी पेशेवर टीवी पत्रकार की तरह बात करती नजर आ रही हैं. एक छात्रा हाथ में उल्टा छाता थामे रिपोर्टर की भूमिका निभा रही है, जबकि अन्य दो छात्राएं सड़क पर बने बड़े-बड़े गड्ढों, जमा पानी और रोजमर्रा के आवागमन में होने वाली दिक्कतों को दिखा रही हैं.

उनकी सहज और सटीक भाषा शैली ने नेटिजन्स का दिल जीत लिया है. सोशल मीडिया पर यूजर इस वीडियो को शेयर करते हुए छात्राओं के आत्मविश्वास की तारीफ कर रहे हैं और स्थानीय प्रशासन को टैग कर सड़कों की तत्काल मरम्मत की मांग कर रहे हैं.

छात्राओं का अनोखा प्रदर्शन

खराब सड़कों से परेशान हैं स्कूली बच्चे और नागरिक

करजत और आसपास के ग्रामीण इलाकों में मानसूनी बारिश के कारण सड़कें काफी जर्जर स्थिति में पहुंच चुकी हैं. गहरे गड्ढों के कारण आए दिन दोपहिया वाहन चालक दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं.

स्थानीय निवासियों का कहना है कि स्कूली बच्चों को रोजाना इन्हीं खतरनाक रास्तों से होकर जाना पड़ता है. बार-बार शिकायतें करने के बावजूद जब नगर परिषद और संबंधित ठेकेदारों ने कोई कार्रवाई नहीं की, तो छात्राओं ने इस अनोखे अंदाज में अपनी आवाज उठाने का फैसला किया.

प्रशासन पर बढ़ा तत्काल कार्रवाई का दबाव

वीडियो के व्यापक रूप से वायरल होने के बाद स्थानीय प्रशासन और सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) हरकत में आता दिख रहा है. जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने मामले को संज्ञान में लेने का आश्वासन दिया है.

क्षेत्र के निवासियों का मानना है कि इन तीन छात्राओं की पहल ने यह साबित कर दिया है कि अगर नागरिक अपनी समस्याओं को रचनात्मक तरीके से उठाएं, तो तंत्र को जवाबदेह बनाया जा सकता है. अब लोगों को उम्मीद है कि वायरल वीडियो के बाद सड़क निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा.

Share Now