महाराष्ट्र-हरियाणा विधानसभा चुनाव 2019: आपराधिक पृष्ठभूमि के उम्मीदवारों को लेकर चुनाव आयोग सख्त, देनी होगी क्रिमिनल रिकार्ड की जानकारी
महाराष्ट्र और हरियाणा विधानसभा चुनाव का बिगुल बज चुका है. चुनाव आयोग ने आपराधिक पृष्ठभूमि के उम्मीदवारों को लेकर सख्ती दिखाते हुए कहा है कि वे अपने नामांकन में अपने आपराधिक पृष्ठभूमि का डिटेल्स जरूर भरे
महाराष्ट्र और हरियाणा विधानसभा चुनाव के लिए आज बिगुल बज गया. मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा (Chief Election Commissioner Sunil Arora) ने दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर ऐलान किया कि दोनों राज्यों में एक ही दिन 21 अक्टूबर को वोट डालें जाएंगे. जिन वोटों कि गिनती 24 अक्टूबर को की जाएगी. चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा अपने प्रेस कॉन्फ्रेंस में आपराधिक पृष्ठभूमि के उम्मीदवारों को लेकर सख्ती दिखाई है. उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के खिलाफ यदि किसी भी तरह की कई आपराधिक पृष्ठभूमि है तो उसे अपने नामांकन फार्म में डिटेल्स भरना जरूरी है नहीं तो उनका फार्म रद्द भी किया जा सकता है.
इसके पहले लोकसभा चुनाव में भी चुनाव आयोग चुनाव लड़ने वाले आपराधिक पृष्ठभूमि वाले उम्मदीवारों को लेका सख्ती दिखाई थी. चुनाव आयोग ने अपने प्रेस कॉन्फ्रेंस में साफ शब्दों में कहा था कि आपराधिक पृष्ठभूमि वाले अपराधी अपने नामांकन दाखिल करते समय फार्म में उसके डिटेल्स तो भरे ही साथ ही वे अखबार में इस इसका इश्तेहार भी दे. यह भी पढ़े: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2019: बीजेपी के साथ सीट बंटवारे को लेकर शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे का बड़ा बयान, एक-दो दिन में होगा ऐलान
बता दें कि लोकसभा चुनाव हो या फिर विधानसभा चुनाव सभी चुनाव में बड़े पैमाने पर आपराधिक पृष्ठभूमि वाले प्रत्याशी चुनाव लड़ते है. चुनाव आयोग इन उम्मीदवारों के खिलाफ इस तरफ की सख्ती दिखा कर उसकी कोशिश होती है कि आपराधिक पृष्ठभूमि वाले उम्मदीवार कम से कम चुनाव लड़े. ज्ञात हो कि महाराष्ट्र में कुल 288 विधानसभा की सीटें है वहीं हरियाणा में 90 सीट हैं दोनों राज्यों में बीजेपी का कब्जा है.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 21, 2019 01:18 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

