PAK मंत्री शेख रशीद ने दी पामाणु युद्ध की गीदड़-भभकी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा- मुंह तोड़ जवाब देगी हमारी आर्मी
राजनाथ सिंह (Photo Credits-ANI Twitter)

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह (Defense Minister Rajnath Singh) ने स्पष्ट कहा कि अगर भारत की तरफ किसी ने कूवत नजर से देखा तो सेना उसे मुंहतोड़ जवाब देगी. राजनाथ सिंह का बयान उस वक्त सामने आया है जब पाकिस्तान के रेल मंत्री शेख रशीद (Sheikh Rasheed) ने भारत को परमाणु युद्ध (Nuclear War) की दुबारा धमकी दी है. पाकिस्तान के इस बड़बोले मंत्री ने भारत को धमकी देते हुए कहा कि अब तोप और टैंकों से पारंपरिक-युद्ध नहीं होगा बल्कि परमाणु युद्ध होगा. उन्होंने कहा कि जरूरत के हिसाब से हथियारों का प्रयोग करेंगे. इसी बयां के जब मीडिया ने राजनाथ सिंह से सवाल पूछा तो उन्होंने कहा कि भारत कभी आक्रमक नहीं रहा है, ना किसी की एक इंच जमीन पर कब्जा किया तो उसे किसी भी हाल में बख्शा जाएगा.

बता दें कि रशीद अपने बेतुके बयानों के कारण पाकिस्तानी मीडिया के सबसे पसंदीदा नेता बन चुके हैं. क्योंकि दोनों एक दूसरे का जमकर मनोरंजन करते हैं. कुछ महीने पहले ही रशीद ने कहा था कि पाकिस्तान के पास सवा सौ ग्राम और ढाई सौ ग्राम के भी परमाणु बम हैं जो किसी खास लक्षित जगह पर मार कर सकते हैं. उन्होंने कहा था कि पाकिस्तान परमाणु युद्ध नहीं चाहता लेकिन अगर यह थोपा गया तो पाकिस्तान इसका जवाब देगा. भारत सुन ले कि पाकिस्तान के पास पाव और आधा पाव के एटम बम भी हैं जो किसी खास इलाके को निशाना बना सकते हैं.

दरअसल पाकिस्तान की तरफ इस तरह की धमकी का सिलसिला उस वक्त से और भी तेज हो गया है जब से भारत ने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटा दिया. उसके बाद पाकिस्तान पूरी दुनिया में घूम-घूमकर गुहार लगा रहा है. लेकिन पाक की दाल नहीं गली. जिसके बाद इमरान के मंत्रियों ने धमकी देना शुरू कर दिया है. इस दौरान सीमा पर सीजफायर का उल्लंघन कर आतंकियों को लाइन ऑफ कंट्रोल से घुसपैठ करवाने की कोशिश करता है.

भारत को धमकी और अमेरिका के आगे गिड़गिड़ाता है पाक

गौरतलब हो कि आतंकवाद के खिलाफ भारतीय सेना के एक और जोरदार प्रहार के बाद पाकिस्तान ने अमेरिका से भारत को रोकने की गुहार लगाई है. पाकिस्तानी मीडिया में प्रकाशित रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तान ने नियंत्रण रेखा पर भीषण झड़पों के बाद अमेरिका से आग्रह किया है कि वह 'भारत को दक्षिण एशियाई क्षेत्र को एक खतरनाक युद्ध में झोंकने से रोके.