देश

Mumbai Child Missing: मुंबई में मासूमों के लापता होने को लेकर पुलिस अलर्ट, 36 घंटे में 8 लड़कियों समेत 12 बच्चे लापता, शहरभर में तलाशी अभियान शुरू

महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में पिछले 36 घंटों के भीतर 12 नाबालिग बच्चों के रहस्यमय तरीके से लापता होने के बाद हड़कंप मच गया है. लापता बच्चों में 8 लड़कियां शामिल हैं, जिसने पुलिस प्रशासन और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है

Mumbai Child Missing: मुंबई में मासूमों के लापता होने को लेकर पुलिस अलर्ट, 36 घंटे में 8 लड़कियों समेत 12 बच्चे लापता, शहरभर में तलाशी अभियान शुरू
(Photo Credits ANI)

Mumbai Child Missing:  महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में पिछले 36 घंटों के भीतर 12 नाबालिग बच्चों के रहस्यमय तरीके से लापता होने के बाद हड़कंप मच गया है. लापता बच्चों में 8 लड़कियां शामिल हैं, जिसने पुलिस प्रशासन और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है. इतनी बड़ी संख्या में बच्चों के गायब होने के बाद मुंबई पुलिस को 'हाई अलर्ट' पर रखा गया है. अधिकारियों को अंदेशा है कि शहर में कोई संगठित मानव तस्करी (Human Trafficking) गिरोह सक्रिय हो सकता है.

शहर के इन इलाकों से सामने आए मामले

इंग्लिश न्यूज फ्री प्रेस जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार, बच्चों के लापता होने की शिकायतें मुंबई के अलग-अलग पुलिस थानों में दर्ज कराई गई हैं. सबसे अधिक मामले शिवाजी नगर से सामने आए हैं, जहां से 4 बच्चे लापता हैं. इसके अलावा साकीनाका से 2, एंटॉप हिल से 2 और ओशिवारा, मानखुर्द, बांगुर नगर व घाटकोपर से 1-1 मामला दर्ज किया गया है. लापता बच्चों में 8 साल के मासूम से लेकर 17 साल तक के किशोर शामिल हैं. यह भी पढ़े: Child Kidnapping Gang Active in Mumbai? 82 बच्चे 36 दिन में लापता! मुंबई पुलिस ने बताया झूठ, सोशल मीडिया संदेश भ्रामक

गायब होने का पैटर्न

रिपोर्ट्स के मुताबिक, बच्चे सामान्य गतिविधियों के दौरान लापता हुए हैं. ओशिवारा में एक 14 साल का लड़का स्कूल जाते समय गायब हो गया, जबकि एंटॉप हिल में एक 12 साल का बच्चा पार्क में खेलते समय लापता हुआ. शिवाजी नगर में एक 17 साल की लड़की उस समय गायब हुई जब उसकी मां छोटे भाई-बहनों को स्कूल छोड़ने गई थी. हालांकि, राहत की बात यह है कि अभी तक किसी भी परिवार को फिरौती (Ransom) के लिए फोन नहीं आया है, जिसे पुलिस एक सकारात्मक संकेत मान रही है.

मानव तस्करी का बढ़ता खतरा

पुलिस सूत्रों का कहना है कि हालांकि कुछ मामलों में घरेलू विवाद या पढ़ाई के दबाव के कारण बच्चों के भागने की आशंका होती है, लेकिन 36 घंटों के भीतर 12 बच्चों का गायब होना किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है. पुलिस की टीमें अब लापता बच्चों के डेटा को पुराने मानव तस्करी के पैटर्न्स और सक्रिय आपराधिक गिरोहों के रिकॉर्ड से मिला रही हैं.

आंकड़ों में चौंकाने वाला खुलासा

मुंबई पुलिस के आधिकारिक रिकॉर्ड के अनुसार, जून से दिसंबर 2025 के बीच शहर में 145 बच्चे लापता हुए थे, जिनमें 93 लड़कियां शामिल थीं. साल के अंत में इन मामलों में भारी उछाल देखा गया है. अकेले नवंबर और दिसंबर के शुरुआती हफ्तों में 82 मामले दर्ज किए गए थे. इनमें से ज्यादातर किशोर उम्र (13-18 वर्ष) के बच्चे हैं. पुलिस ने बताया कि इनमें से कई बच्चों को ढूंढकर उनके परिवारों से मिलाया भी गया है.

पुलिस की अपील

मुंबई पुलिस ने रेलवे स्टेशनों, बस डिपो, बाजारों और सार्वजनिक पार्कों जैसे प्रमुख स्थानों पर लापता बच्चों की तस्वीरें लगा दी हैं. पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत कंट्रोल रूम (100) या नजदीकी पुलिस स्टेशन को दें.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 02, 2026 12:09 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).